टीम ने दो विद्यालयों से एमडीएम योजना के तहत बन रहे रोटी, दाल व सब्जी, जबकि अन्य दुकानों से पेड़ा, बर्फी व सुपारी का नमूना लिया। बाद में सभी नमूनों को जांच के लिए भेज दिया गया।
जिले में मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर अंकुश नहीं लग पा रहा है। इसे गंभीरता से लेते हुए डीएम विवेक ने खाद्य संरक्षण एवं औषधि प्रशासन की टीम को छापेमारी अभियान चलाए जाने का निर्देश दिया।
इस पर मुख्य खाद्य निरीक्षक एसपी सिंह के नेतृत्व में टीम ने गुरुवार को टीम ने उच्च प्राथमिक विद्यालय हाजीपुर मरुई में पहुंचकर एमडीएम के तहत बन रहे रोटी और दाल का नमूना लिया। इसके बाद इल्तिफातगंज में दूधिए मकरध्वज से दूध का नमूना लिया।
टीम एनटीपीसी के निकट पहुंची और सीताराम की मिठाई की दुकान से पेड़े का नमूना लिया। टीम यहां से रगड़गंज पहुंची और वहां स्थित बृजमोहन की दुकान से बर्फी का नमूना लिया। सभी नमूनों को जांच के लिए भेज दिया गया।
इससे पहले टीम ने बुधवार को उच्च प्राथमिक विद्यालय अशरफपुर भुआंव में एमडीएम योजना के तहत बन रहे भोजन से सब्जी का नमूना लिया। टीम यहां से रामनगर बाजार स्थित अनिल कुमार की चाय की दुकान से दूध व रामनगर जोगीपुर स्थित श्यामसुंदर की दुकान से पेड़ा का नमूना लिया।
नरियांव बाजार स्थित किराना की दुकान से मिलावट के संदेह में चैपियन सुपारी का नमूना लिया। मुख्य खाद्य निरीक्षक श्री सिंह ने बताया कि सभी नमूनों को जांच के लिए भेज दिया गया है।
बताया कि मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर अंकुश लगाए जाने एवं इसमें लिप्त लोगों पर कार्रवाई करने के लिए आगे भी छापेमारी अभियान जारी रहेगा। टीम में सै. एबादुल्लाह, आरबी चौहान, गोपालचंद्र वर्मा आदि मौजूद रहे।