अंबेडकरनगर। जिले में डेंगू के बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। बुधवार तक 51 मरीजों की पुष्टि हो चुकी है। हालात को देखते हुए 22 रैपिड रिस्पांस टीमों (आरआरटी) का गठन किया गया है, जो मरीजों की निगरानी के साथ-साथ प्रभावित क्षेत्रों में साफ-सफाई और दवा छिड़काव का काम कर रही हैं।
प्रभारी जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. गौतम मिश्रा ने बताया कि मंगलवार शाम को रामनगर के कवही अंजनपुर में एक युवक की रिपोर्ट डेंगू पॉजीटिव आई। इसके अलावा कटेहरी क्षेत्र की एक महिला, हजपुरा गौसिया के एक बुजुर्ग व अकबरपुर में एक किशोर डेंगू से संक्रमित मिला है। वर्तमान समय में डेंगू के आठ मरीज सक्रिय हैं, इनमें सात का इलाज घर पर ही चल रहा है, जबकि एक को महामाया राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में भर्ती किया गया है। संबंधित इलाकों में नालियों में एंटी लार्वा का छिड़काव और फॉगिंग कराई जा रही है। इसके साथ ही आसपास के लोगों को डेंगू से बचाव के प्रति जागरूक किया जा रहा है और बुखार जैसे लक्षण वाले मरीजों की जांच की जा रही है। जिला मलेरिया अधिकारी ने बताया कि टीम ने घरों में फोकल स्प्रे, नालियों में एंटी लार्वा कीटनाशक आदि का छिड़काव कराया जा रहा है।
22 टीमें सक्रिय, फिर भी बढ़ रहे मरीज
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार हर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पर दो-दो टीमें तैनात की गई हैं। इसके अलावा सीएमओ कार्यालय और जिला मलेरिया कार्यालय में भी तीन टीमें सक्रिय हैं। इन टीमों में डॉक्टर, फार्मासिस्ट, लैब टेक्नीशियन, वार्ड बॉय, स्थानीय सीएचओ, एएनएम और आशा कार्यकर्ता शामिल हैं।ग्रामीण क्षेत्रों में गंदगी, खुले गड्ढों में जमा पानी और लापरवाही के चलते डेंगू और मलेरिया के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमें जब किसी मरीज की सूचना पाती हैं, तो न सिर्फ उसका इलाज किया जाता है, बल्कि उसके घर और आसपास के 50 घरों में दवा का छिड़काव और जागरूकता अभियान भी चलाया जाता है।
अब तक मिले मरीज व स्थिति
डेंगू- 51
सक्रिय- 08
मलेरिया- 16
सक्रिय केस- 00
जेई 01
स्क्रब टाइफस- 09
सक्रिय- 01
नोट- ये आंकड़े 01 जनवरी से 17 सितंबर तक के हैं।