अंबेडकरनगर। महरुआ इलाके के अतरौला निवासी अजय कुमार की जेल में हुई संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के मामले की विवेचना दूसरे सर्किल से कराई जाएगी। इसके लिए विवेचना स्थानांतरित करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। कोर्ट के आदेश पर तत्कालीन एसओ महरुआ व गिरफ्तार करने वाले पुलिस कर्मियों के अलावा तत्कालीन जेल अधीक्षक और विपक्षी अनिल कुमार पर गैर इरादतन हत्या की प्राथमिकी दर्ज हुई है। उधर, घटना को 11 माह बीतने के बाद भी परिजन सदमे से उबर नहीं पाए हैं।
राजनीतिक दल की राष्ट्रीय अध्यक्ष के विरुद्ध अभद्र टिप्पणी का पोस्ट वायरल होने के बाद अजय कुमार को पुलिस ने 28 मार्च 2025 को गिरफ्तार किया था। इसके बाद एसडीएम कोर्ट ने अजय को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। 30 मार्च की रात अजय की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। 11 माह पूर्व हुई इस घटना ने पूरे परिवार को झकझोर दिया था। कोर्ट के आदेश पर तत्कालीन एसओ महरुआ, जेल अधीक्षक, तीन पुलिस कर्मियों व विपक्षी अनिल कुमार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हो गई है, लेकिन अभी न्याय दूर है। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद अब विवेचना दूसरे सर्किल में स्थानांतरित की जा रही है, जहां जांच लंबी चलने के आसार हैं। सीओ भीटी लक्ष्मीकांत मिश्र ने बताया कि महरुआ थाने की घटना होने के कारण नियमत: दूसरे सर्किल से ही विवेचना कराई जाएगी। विवेचना पूर्ण होने के बाद ही आगे कोई कार्रवाई हो सकेगी।