अजय ने गत दिवस ही भीटी ब्लाक प्रमुख की दौड़ में शामिल होने के लिए नरसिंहदासपुर से क्षेत्र पंचायत सदस्य पद के लिए नामांकन किया था, जहां से कोई और प्रत्याशी न होने के कारण उसके निविरोध निर्वाचन का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
बताते चलें कि महरुआ थाना क्षेत्र में नेशनल हाइवे का निर्माण कर रही कंपनी गोकुल कृष्णा कंपनी के अधिकारियों को बीते दिनों माफिया अजय सिपाही के गुर्गों ने बड़ी रंगदारी के लिए जमकर धमकाया था और निर्माण में लगे कर्मचारियों को पीटकर भगा दिया था।
लंबी जद्दोजहद के बाद मामले में अज्ञात के विरुद्घ केस दर्ज कर पुलिस जांच शुरू की और इसमें अजय समेत तीन लोगों को आरोपी बनाया। गत दिवस उसे लखनऊ से गिरफ्तार कर चालान किया गया था। तबसे वह फैजाबाद मण्डल कारागार में निरुद्घ है। अवर न्यायालय से जमानत याचिका खारिज होने के बाद उसने अपने अधिवक्ता के जरिए जनपद न्यायाधीश के समक्ष जमानत की अर्जी डाली थी।
इस पर गुरुवार को जनपद न्यायाधीश डा गोकुलेश ने सुनवाई की। मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने जमानत याचिका खारिज कर दी।