अंबेडकरनगर। राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में एमआरआई व सीटी स्कैन की व्यवस्था तो कर दी गई, लेकिन रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती नहीं हो सकी है। नतीजा यह है कि मरीजों को जांच रिपोर्ट नहीं मिल पाती है। इसके चलते सिर्फ बेहद जरूरतमंद मरीजों को ही एमआरआई व सीटी स्कैन की सुविधा मिल पा रही। ऐसे मरीजों को सिर्फ फिल्म थमा दी जाती है, लेकिन उसकी रिपोर्ट नहीं दी जाती। इससे राजकीय मेडिकल कॉलेज पहुंचने वाले ज्यादातर मरीजों को एमआरआई व सीटी स्कैन के लिए निजी सेंटरों का सहारा लेना पड़ता है, जिससे उन्हें अधिक राशि का भुगतान करना पड़ता है।
सीटी स्कैन व एमआरआई के लिए मरीजों को इधर-उधर न भटकना पड़े, इसके लिए लगभग सात वर्ष पूर्व राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में संबंधित जांच की व्यवस्था की गई थी। उस समय इसका मरीजों ने स्वागत किया था। हालांकि समय बीतने के साथ ही उनकी उम्मीदों को झटका लगने लगा। कारण यह कि दोनों मशीनों के संचालन के लिए मात्र एक टेक्नीशियन बृजेश की ही तैनाती की गई।
लापरवाही यहीं तक सीमित नहीं रही। जांच की रिपोर्ट की व्यवस्था सात वर्ष बीत जाने के बाद भी नहीं की जा सकी है। आलम यह है कि जांच के बाद मरीज को फिल्म तो दे दी जाती है, लेकिन रिपोर्ट नहीं दी जाती। ऐसा इसलिए क्योंकि रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती ही नहीं है। प्राचार्य राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर डॉ. संदीप कौशिक ने कहा कि सीटी स्कैन व एमआरआई जांच की रिपोर्ट के लिए चिकित्सक की तैनाती के लिए पत्र फिर से भेजा गया है।