अंबेडकरनगर। रकम लेकर पशुओं का वध कराने और पुलिस की छवि धूमिल करने के मामले में अमर उजाला की खबर के बाद पुलिस अधीक्षक आलोक प्रियदर्शी ने इब्राहिमपुर थाने के तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। इस मामले में एक सिपाही को पहले ही निलंबित किया जा चुका है।
बीते दिनों एक पशु तस्कर का वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह यह कहता हुआ सुना गया कि अवैध रकम लेकर इब्राहिमपुर थाना क्षेत्र में पशु मांस की बिक्री कराई जा रही है। वीडियो वायरल होते ही एसपी आलोक प्रियदर्शी ने चार पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया था। इस बीच अमर उजाला ने शनिवार के अंक में यह खबर प्रमुखता से प्रकाशित की कि रिश्वतखोरी के मामलों में संलिप्तता उजागर होने के बाद भी सिर्फ लाइन हाजिर की कार्रवाई कर पल्ला झाड़ लिया जाता है। पिछले कई मामलों का भी उल्लेख खबर में किया गया।
शनिवार को प्रमुखता से खबर सामने आने के बाद उसका असर भी हुआ। एसपी ने पूरे मामले में इब्राहिमपुर थाने के तीन सिपाहियों गौरव यादव, पवन चतुर्वेदी तथा हरि प्रकाश यादव को निलंबित कर दिया। इससे पहले सिपाही सचिन सिंह को एक दिन पहले निलंबित कर दिया गया था। सचिन पर ही रकम लेकर पशु मांस की बिक्री कराने का आरोप लगा था। तीन अन्य पुलिसकर्मियों पर यह आरोप था कि अवैध वसूली की रकम में हिस्सा न मिल पाने के कारण उन लोगों ने वीडियो बनवाया, जिससे पुलिस की छवि धूमिल हुई। इसी सब को लेकर अन्य तीनों सिपाहियों को भी निलंबित कर दिया गया