जिला अस्पताल में भर्ती बुखार पीड़ित लोग।
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अलग-अलग थाना क्षेत्रों में एक वृद्ध समेत छह लोग तेज बुखार की चपेट में आ गए। सभी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां से एक को ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। स्वास्थ्य विभाग के तमाम प्रयास के बाद भी संक्रामक रोगों पर अंकुश न लग पाने के चलते लोगों में एक तरफ जहां दहशत का माहौल है तो वहीं विभाग के प्रति नाराजगी भी व्याप्त है।
थाना क्षेत्र जलालपुर अंतर्गत जलालपुर निवासी राजेंद्र (74) पुत्र खदेरू रविवार को तेज बुखार की चपेट में आ गए थे। स्थानीय स्तर पर इलाज के बाद भी जब तबियत में सुधार नहीं हुआ तो मंगलवार देर शाम उन्हें सीएचसी जलालपुर ले जाया गया जहां से जिला अस्पताल भेज दिया गया। यहां हालत की गंभीरता को देखते हुए बुधवार सुबह ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया।
वहीं, अकबरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत जमालपुर गांव निवासी गुलशन बानो (16) पुत्री मोहम्मद जैबी को तेज बुखार की चपेट में आने के बाद परिवारीजनों ने बुधवार सुबह उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इसी थाना क्षेत्र अंतर्गत फरीदपुर गांव निवासी श्रीराम (35) पुत्र बरखू को मंगलवार सुबह तेज बुखार चढ़ गया।
स्थानीय स्तर पर इलाज के बाद भी जब तबियत में सुधार नहीं हुआ तो उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उधर, बसखारी थाना क्षेत्र अंतर्गत बसखारी बाजार निवासी केशव की 10 वर्षीय पुत्री सीमा मंगलवार को तेज बुखार की चपेट में आ गई। परिवारीजनों ने उसे पहले सीएचसी बसखारी फिर जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
टांडा थाना क्षेत्र अंतर्गत रामपुर कला निवासिनी निधि (11) पुत्री सुरेश मंगलवार दोपहर तेज बुखार की चपेट में आ गई। उसे सीएचसी टांडा से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। इसी थाना क्षेत्र अंतर्गत टांडा निवासी आदिल (50) को बुधवार सुबह तेज बुखार की चपेट में आ गए। परिवारीजनों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
उधर जिले में लगातार बढ़ रहे संक्रामक रोगों के प्रकोप से लोगों में दहशत का माहौल है। स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए लोगों ने कहा कि यदि समय रहते जरूरी कदम उठाया गया सीएमओ डॉ. मोहिबुल्लाह ने बताया कि संक्रामक रोगों पर अंकुश पाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। लोगों को स्वयं भी इससे बचाव के लिए जागरूक होना चाहिए।