अंबेडकरनगर। जानलेवा हमले में पिता-पुत्र समेत चार आरोपियों को दोषी करार देते हुए अपर जनपद न्यायाधीश प्रथम रत्नेशमणि त्रिपाठी ने सात-सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। सभी अभियुक्तों पर कोर्ट ने 17-17 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
घटना पांच वर्ष पूर्व जैतपुर क्षेत्र में हुई थी। है। किशुनपुर कबिरहा निवासी सतीराम ने थाने में दर्ज कराए केस में बताया कि नौ दिसंबर 2018 की रात करीब आठ बजे चार लोगों ने भूत-प्रेत की बात को लेकर उसके घर पर धावा बोला। सतीराम के साथ परिवार के लोगों की पिटाई कर दी। इस हमले में सतीराम के पुत्र सुधाकर व पत्नी बासमती के सिर में गंभीर चोट आई।
पुलिस ने केस दर्ज कर चारों आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया। कुछ समय बाद चारों आरोपी जमानत पर रिहा हो गए। इस बीच यह मामला सत्र परीक्षण के लिए पेश हुआ। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सुभाष चंद्र वर्मा ने अभियुक्तों के खिलाफ साक्ष्य कोर्ट के समक्ष पेश किए। कई गवाहों का बयान दर्ज कराया गया।
बचाव पक्ष की तरफ से कहा गया कि अभियुक्त गरीब हैं। सभी एक ही परिवार के सदस्य हैं। पूर्व में कोई अपराध न होने के कारण कम सजा दी जाए। प्रकरण की सुनवाई करते हुए अपर जनपद न्यायाधीश ने अभियुक्त हरीराम, राजकुमार (पिता-पुत्र), मटरू तथा मनोज प्रजापति उर्फ पुनपुन को मानव वध के प्रयास के आरोप में सात-सात वर्ष की सजा सुनाई। आदेश में कहा गया कि अर्थदंड न अदा करने पर एक-एक माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।