राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना में बरती गई धांधली ने बसखारी ब्लॉक के 100 से अधिक ग्रामीणों को मुश्किल में डाल दिया है। बिना बिजली के इस्तेमाल के लिए उनके पास दो हजारे से ज्यादा रुपये का बिजली का बिल पहुंच गया। परेशान ग्रामीण अब बिल लेकर लगातार विद्युत अफसरों का कर्मचारियों का चक्कर लगा रहे हैं लेकिन राहत नहीं मिली।
ग्रामीणों ने इस बीच चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही गड़बड़ी में सुधार न किया गया तो वे सब कलक्ट्रेट का घेराव करेंगे। जिले में राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना व पं दीन दयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना के तहत बरती गई धांधली का मामला एक एक कर सामने आ रहा है। विद्युतीकरण में की गई मनमानी का खामियाजा बसखारी विकास खंड के 100 से अधिक ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है।
उनके घर बिजली के तार नहीं पहुंचे पर हजारों का बिल जरूर आ गया। इसमें मुबारकपुर, ताहापुर, पटना व उत्तर का पूरा आदि गांव के ग्रामीण शामिल हैं। दरअसल इन गांवों में विद्युतीकरण योजना के तहत बीते दिनों कार्य कराया गया। इसमें सिर्फ विद्युत पोल ही लगाए गए। अब तक न तो तार खींचा गया, और न ही ट्रांसफार्मर की स्थापना तय की गई।
ग्रामीण करीब एक साल से काम पूरा होने का इंतजार कर रहे हैं। विद्युतीकरण का काम तो पूरा नहीं हुआ लेकिन बिल जरूर आ गया। ताहापुर के रामजीत के नाम से विभाग करीब 2590 रुपए का बिल भेजा है। इसी तरह विजयीराम के नाम 2410, गेना देवी के नाम से 2620, फागूराम के नाम 2510 व दिलभरन के नाम 2500 रुपये का बिल आया है।
इसके अलावा पल्टूराम, प्रकाश, प्रेमदास, विद्या, पियारे, नंदलाल आदि के नाम विभाग ने दो से ढाई हजार रुपये का बिल भेज रखा है। ग्रामीणों ने डीएम वैभव श्रीवास्तव से मामले की जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। कहा कि जल्द गड़बड़ी दूर न हुई तो वे लोग कलेक्ट्रेट के पास प्रदर्शन व घेराव करेंगे।