भंडारण कक्ष में विज्ञान किट की गिनती करते कर्मचारी।
अंबेडकरनगर। परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए विज्ञान विषय केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं रहेगा। शासन के निर्देश पर जिले के 213 उच्च प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों को प्रयोगात्मक विज्ञान किट उपलब्ध कराई जा रही हैं। इन किट्स की मदद से छात्र अब विज्ञान को व्यावहारिक रूप में अनुभव कर सकेंगे, जिससे न सिर्फ उनकी वैज्ञानिक सोच विकसित होगी, बल्कि विषय के प्रति रुचि और समझ भी बढ़ेगी।
जिले में कुल 1590 परिषदीय विद्यालय संचालित हैं, जिनमें 1062 प्राथमिक, 520 उच्च प्राथमिक व कंपोजिट विद्यालय, और 8 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय शामिल हैं। पहले चरण में 213 उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों को विज्ञान किट वितरित की गई है। आने वाले समय में अन्य विद्यालयों को भी इस योजना से जोड़ा जाएगा। प्रभारी बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने बताया कि प्राथमिक शिक्षा में गुणात्मक सुधार लाने के लिए सरकार द्वारा चलाए जा रहे प्रयासों के तहत परिषदीय विद्यालयों को लगातार टीचिंग-लर्निंग मटीरियल उपलब्ध कराया जा रहा है। विज्ञान किट उसी कड़ी का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य बच्चों में जिज्ञासा और खोज की प्रवृत्ति को बढ़ावा देना है। शासन से प्राप्त विज्ञान किट का वितरण कार्य शुरू कर दिया गया है।
शिक्षकों के लिए होगा आसान, बच्चों के लिए मजेदार
इस किट में टेलिस्कोप, परखनली, चुंबक, थर्मामीटर, कंपास जैसे कई उपकरण शामिल हैं, जिनसे बच्चे प्रयोग करके विज्ञान की बुनियादी अवधारणाओं को बेहतर ढंग से समझ सकेंगे। इससे शिक्षकों को भी पढ़ाने में सहूलियत होगी और बच्चे अधिक ध्यान और उत्साह से सीखेंगे।