अंबेडकरनगर। राशन की अधूरी उठान के चलते वितरण के लिए कहीं चावल तो कही गेहूं ही पहुंचा। इसके चलते जिले के लगभग 300 कोटेदारों के यहां दिसंबर माह का वितरण कार्य शुरू न हो पाने से 90 हजार कार्डधारकों को परेशानी उठानी पड़ रही है। डोर टू डोर डिलेवरी योजना के तहत संबंधित कोटों पर अक्तूबर माह का नियमित खाद्यान्न वितरण योजना के तहत गेहूं व चावल दोनों नहीं पहुंच सका है। इससे लगभग 90 हजार राशन कार्डधारकों को राशन से वंचित होना पड़ा है।
नियमित खाद्यान्न वितरण योजना के तहत राशन दुकानों से कार्डधारकों को दो रुपया प्रति किग्रा की दर से गेहूं व तीन रुपया प्रति किग्रा की दर से चावल का वितरण किया जाता है। पात्र गृहस्थी के कार्डधारकों को प्रति यूनिट तीन किग्रा. गेहूं व दो किग्रा. चावल मिलता है जबकि अंत्योदय राशन कार्डधारकों को 21 किग्रा. चावल व 14 किग्रा गेहूं मिलता है।
नियमित खाद्यान्न का वितरण प्रत्येक माह की पांच तारीख से 15 तारीख तक किए जाने का निर्देश है। इसके बावजूद राशन दुकानों पर वितरित अनाज की पूरी उठान न पहुंचने से सस्ती दर के अनाज के लिए कार्डधारियों को इंतजार करना पड़ रहा है। सिसारा के कोटेदार जलंधर सिंह ने बताया कि वितरण के लिए चावल की उठान तो मिली लेकिन गेहूं अभी तक नहीं मिला है। इसी कारण निर्धारित 5 तारीख से राशन अनाज का वितरण कार्य शुरू नहीं हो पाया है।
कन्नूपुर के कोटेदार विजेंद्र सिंह व काही के कोटेदार उर्मिला अग्रहरि ने भी बताया कि चावल की उठान तो 28 नवंबर को ही दुकानों पर पहुंच गई थी लेकिन गेहूं की उठान बुधवार दोपहर को पहुंची है। जल्द ही अनाज वितरण शुरू कराया जाएगा। महापारा के अशोक सिंह ने बताया कि दो दिसंबर को चावल तो मिला लेकिन गेहूं की उठान मिलने का इंतजार है। इसी कारण वितरण का कार्य भी अभी तक शुरू नहीं हो सका है।
प्राथमिकता पर दूर की जाएगी समस्या
शाहगंज गोदाम से राशन अनाज से वितरित होने वाले अनाज की उठान का कार्य किया जाता है। मौजूदा समय में संबंधित गोदाम में सीएमआर भी रखा जा रहा है। इस कारण ही उठान पहुंचने में हुई देरी के कारण खाद्यान्न वितरण में भी कुछ समस्या आ रही है। इसे प्राथमिकता पर दूर कराया जाएगा। -अमरजीत सिंह, प्रभारी जिलापूर्ति अधिकारी