बसखारी में रमजान माह के लिए सजी दुकान।
अंबेडकरनगर। पवित्र माह रमजान के आगमन को लेकर मुस्लिम समुदाय में खासा उत्साह देखा जा रहा है। जानकारी के अनुसार 18 फरवरी की शाम चांद दिखाई देने की संभावना है। यदि चांद का दीदार हो जाता है तो 19 फरवरी को पहला रोजा रखा जाएगा। चांद दिखने की आधिकारिक घोषणा 18 फरवरी की शाम को की जाएगी।
रमजान इस्लाम धर्म का सबसे पवित्र महीना माना जाता है। इस पूरे महीने में रोजेदार अल्लाह की इबादत करते हैं और कुरआन शरीफ की तिलावत का विशेष एहतिमाम किया जाता है। मस्जिदों में तरावीह का सिलसिला भी शुरू होगा, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शिरकत करते हैं। इबादतगाहों में साफ-सफाई और विशेष व्यवस्थाएं तेज कर दी गई हैं। बाजारों में भी रमजान को लेकर रौनक बढ़ने लगी है। खजूर, फल, सेवइयां और रोजमर्रा की जरूरत की वस्तुओं की खरीदारी में तेजी देखी जा रही है। दुकानदारों के अनुसार ग्राहकों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हो रही है और शाम के समय बाजारों में विशेष चहल-पहल नजर आ रही है। प्रशासन की ओर से भी आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं। बिजली-पानी की सुचारू आपूर्ति, साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संबंधित विभागों को निर्देश जारी किए गए हैं, ताकि रोजेदारों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
इस वर्ष रोजेदारों को लगभग 14 से 15 घंटे का रोजा रखना होगा। हालांकि, ठंड के मौसम के चलते रोजा रखने में अपेक्षाकृत राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
गर्मी की तुलना में सर्द मौसम में रोजा रखना कुछ हद तक आसान माना जाता है। उनका कहना है कि यह महीना आत्मशुद्धि, त्याग और भाईचारे का संदेश देता है। चांद के दीदार के साथ ही पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ रमजान का आगाज होगा।