अंबेडकरनगर। करीब 15 घंटे तक लगातार कभी तेज तो कभी हल्की बारिश के बीच जिले की बिजली आपूर्ति पूरी तरह पटरी से उतर गई। कहीं, जर्जर तार टूटकर गिर पड़े तो कहीं ट्रांसफार्मर जवाब दे गया। नतीजा यह रहा कि एक तरफ जहां सोमवार आधी रात के बाद से करीब 50 हजार आबादी को अंधेरे में रात गुजारने को मजबूर होना पड़ा, वहीं मंगलवार सुबह पेयजल की समस्या खड़ी हो गई। वहीं, लगातार हो रही बारिश से जिले के कुछ क्षेत्रों में खेतों में खड़ी धान व गन्ने की फसल धराशायी हो गई।
उधर, बारिश से जिला मुख्यालय समेत अन्य नगरीय क्षेत्रों में एक बार फिर से जलभराव के हालात पैदा हो गए। इससे लोगों को आवागमन में मुश्किलों का सामना करना पड़ा।
वैसे तो सोमवार सुबह से ही काले बादल उमड़-घुुमड़ रहे थे, लेकिन देर शाम तक बरसे नहीं। आधी रात के बाद आखिरकार बादल बरस पड़े। बारिश का सिलसिला शुरू हुआ जो मंगलवार अपराह्न तक जारी रहा। कभी मूसलधार तो कभी हल्की बारिश का दौर करीब 15 घंटे तक चला। लगातार हो रही बारिश ने जिला मख्यालय से लेकर ग्रामीण क्षेत्र तक बिजली आपूर्ति पूरी तरह छिन्नभिन्न कर दी।
जिला मुख्यालय पर अकबरपुर बिजली उपकेंद्र के कम्पोजिट फीडर, टाउन फीडर व बैरमपुर बरवां बिजली उपकेंद्र से होने वाली आपूर्ति विभिन्न प्रकार की तकनीकी गड़बडिय़ों के चलते बाधित हो गई। इससे मीरानपुर, अहिराना, रसूलपुर हौजपट्टी, तमसा मार्ग, पेवाड़ा, शहजादपुर, पण्डाटोला, गोहन्ना, बरधाभिउरा, सोनगांव समेत आसपास के अन्य क्षेत्रों की आपूर्ति ठप हो गई। इससे करीब 50 हजार की आबादी को अंधेरे में रात गुजारना पड़ा। मंगलवार अपराह्न बाद गड़बड़ी दूर कर ज्यादातर क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल कर दी गई।
आलापुर प्रतिनिधि के अनुसार कई स्थानों पर जर्जर तार टूट गया। इससे रामनगर, इंदईपुर, हुसेनपुर मुसलमान, पिपरा, चहोड़ा, परमेश्वरापुर समेत एक दर्जन गांव की आपूर्ति ठप हो गई। भीटी प्रतिनिधि के अनुसार, समरसिंहपुर, टेमा, समंथा, चंदनपुर, इटवा, बासूपुर बनियानी, खजुरी, तरसाएं, तेजापुर समेत एक दर्जन से अधिक गांव की आपूर्ति सोमवार मध्यरात्रि के बाद से विभिन्न गड़बड़ियों के चलते ठप हो गई।
जलालपुर प्रतिनिधि के अनुसार, जलालपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े शेखपुर, चौबेपुर, रामपुर चाड़ीडीहा, बड़ागांव, फत्तेपुर समेत डेढ़ गांव की आपूर्ति मूसलधार बारिश के बीच ठप हो गई। इसके अलावा टांडा के भी विभिन्न क्षेत्रों में बदतर आपूर्ति का दंश लोगों को झेलना पड़ा। उधर, अधिशाषी अभियंता विद्युत अकबरपुर वीके पटेल ने बताया कि गड़बड़ी दूर करने का कार्य चल रहा है। देर शाम तक सभी क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
बारिश से वैसे तो धान किसानों ने राहत की सांस ली, लेकिन इससे धान की अगैती फसल प्रभावित हुई। बारिश के चलते लगभग तैयार हो चुकी फसल खेतों में धराशायी हो गई। बरधाभिउरा मंगल वर्मा ने कहा कि लालमती प्रजाति धान की उपज जल्दी तैयार होती है। उनकी फसल लगभग तैयार थी।
मूसलधार बारिश के चलते फसल खेत में धराशायी हो गई। कहा कि यदि लगातार बारिश होती रही, तो इससे फसल को नुकसान होगा। कटरिया के दिलीप कुमार व सुनील शर्मा ने कहा कि अगैती प्रजाति की बुआई की थी। सोमवार देर रात से हुई बारिश के चलते फसल खेत में धराशायी हो गई। इसके अलावा भीटी व जलालपुर के कुछ क्षेत्रों में भी अगेती धान की फसल प्रभावित हुई।
बीते 15 घंटे से हुई बारिश के चलते शहरी क्षेत्रों में जलभराव की बड़ी समस्या उत्पनन हो गई। अकबरपुर नगर के अकबरपुर अयोध्या मार्ग पर शीतला आश्रम से लेकर बनगांव रोड तक सड़क पर जलभराव हो गया। इसके अलावा शहजादपुर चौक, सब्जी मण्डी, बस स्टेशन क्षेत्र, पटेलनगर तिराहा, कृषि भवन के पास, अकबरपुर कोतवाली के निकट, कलेक्ट्रेट के निकट बसखारी बाजार, केदारनगर बाजार, भीटी बाजार, उर्दूबाजार समेत अन्य नगरीय क्षेत्रों में सड़के जलाशय में तब्दील हो गईं। इससे लोगों को आवागमन में व्यापक मुश्किलें उठानी पड़ी।