इसके बाद एसपी से मिलकर मामले की विवेचना कर रहे शहजादपुर चौकी इंचार्ज पर मनमानी का आरोप लगाया। कहा कि वह मामले में त्वरित गति से कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। यहां तक कि मुख्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी भी उनके द्वारा नहीं की जा रही है। जबकि आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं।
कहा कि पुलिस के इस रवैये से उन्हें अपना पैसा डूबता नजर आ रहा है। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने तत्काल मामले के विवेचक को कार्यालय तलब किया और त्वरित गति से कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
बताते चलें कि करीब एक वर्ष पूर्व नई सड़क शहजादपुर चूना भट्ठी के पास आर्किड कल्टीवेशन प्रोजेक्ट इंडिया लिमिटेड के नाम से एक मनी मार्केटिंग कंपनी संचालित हो रही थी।
ये कंपनी अचानक सैकड़ों उपभोक्ताओं के लाखों रुपये लेकर भाग गई थी। कलकत्ता की इस कंपनी का यहां कार्यालय खोलने वाले शहजादपुर निवासी राजेश गुप्त सहित कंपनी के एमडी व मुख्य कर्मचारी समेत 15 लोगों के विरुद्घ अकबरपुर निवासी सुनील शुक्ल की तहरीर पर काफी जद्दोजहद के बाद प्राथमिकी दर्ज हुई थी।
प्राथमिकी दर्ज करने से लेकर विवेचना तक में पुलिस का रवैया निवेशकों के लिए काफी निराशाजनक रहा। बीते दिनों मामले के विवेचक शहजादपुर चौकी प्रभारी ने निवेशकों को आश्वासन दिया था कि जल्द ही मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इसके बाद अब वह ये हवाला दे रहे हैं कि मुख्य आरोपी ने हाईकोर्ट से अरेस्ट स्टे आदेश प्राप्त कर रखा है।
गुरुवार को पुलिस पर मनमानी का आरोप लगाते हुए तमाम निवेशक एसपी कार्यालय पहुंच गए और प्रदर्शन करने लगे। बाद में निवेशकों ने एसपी पंकज से मुलाकात करके उन्हें मामले से अवगत कराया। इस पर एसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए विवेचक शहजादपुर चौकी प्रभारी अरशद खान को कार्यालय तलब किया।
हिदायत दी कि मामले में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। किसी भी दशा में सप्ताह भर के अंदर अग्रिम कार्रवाई से अवगत कराया जाए। इस दौरान रविकेश मिश्र, सुनील शुक्ल, रामसागर, देवश्री, आलोक तिवारी, रोहित पांडेय, रामजीत, शिवनायक, लालजी सहित दर्जनों निवेशक मौजूद रहे।