पालिकाकर्मियों का कहना है कि राजनैतिक दबाव में नगर परिषद अध्यक्ष व अधिशासी अधिकारी पर केस दर्ज किया गया जो अन्यायपूर्ण है। इसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
हड़ताली कर्मियों ने कहा कि पहले तो नगर पालिका का शौचालय जानबूझ कर ढहाए जाने के मामले में पालिका की तरफ से दी गई तहरीर पर कई दिनों तक केस नहीं दर्ज किया गया। बाद में जब किसी तरह केस भी दर्ज हुआ तो अब मनमाने ढंग से उल्टे अध्यक्ष व अधिशासी अधिकारी को ही फंसाया जा रहा है।
कहा गया कि शौचालय जान बूझकर ढहाए जाने के प्रमाण मौजूद हैं। नगर के कई लोगों ने मलवे को मौके से ले जाए जाते देखा है। ऐसे में संबंधित लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजे जाने की बजाए पुलिस उल्टे मनमानी कर रही है। यह स्थिति कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस बीच कर्मचारियों की हड़ताल से नगर क्षेत्र में साफ सफाई की व्यवस्था चरमराने लगी है। नगर पालिका कर्मियों ने कहा है कि इसके लिए पुलिस प्रशासन जिम्मेदार है, जिसने मनमाने ढंग से जांच किए बगैर ही केस दर्ज कर लिया।