अंबेडकरनगर। बेसिक शिक्षा विभाग अब परिषदीय विद्यालयों में पढ़ रहे छात्र छात्राओं की शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर करने की दिशा में कदम बढ़ाया है। कॉन्वेंट स्कूलों की तर्ज पर अब परिषदीय स्कूलों में भी प्रत्येक माह नौनिहालों का टेस्ट लिया जाएगा। शिक्षक बच्चों के शैक्षणिक स्तर का आकलन कर अभिभावकों के साथ बैठक कर उनकी प्रगति रिपोर्ट देंगे। इस दौरान अभिभावकों से संवाद कर उनके पाल्यों को पढा़ई में कैसे और बेहतर बनाया जा सके इसके सुझाव भी देंगे।
यह व्यवस्था नए शैक्षणिक सत्र 2025-26 में लागू होगी। जनपद में 1063 प्राथमिक, 235 उच्च प्राथमिक, 285 कंपोजिट समेत 1583 परिषदीय विद्यालय हैं। इनमें ढाई लाख से अधिक विद्यार्थी पंजीकृत हैं। बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से हर माह के हिसाब से नौनिहालों का कोर्स तय कर दिया गया है।
प्रत्येक माह शिक्षक उस कोर्स को पढ़ाकर रिवीजन कराएंगे। प्रत्येक बच्चे के शैक्षणिक स्तर का आकलन होगा। यदि बच्चा पढ़ाई में कमजोर पाया जाता है तो उस पर अतिरिक्त ध्यान दिया जाएगा। वहीं, विभिन्न शैक्षणिक सामग्री प्रिंटरिच मैटेरियल, बिग बुक्स, पिक्चर स्टोरी कार्ड, पोस्टर्स, वार्तालाप चार्ट्स, लाइब्रेरी बुक्स, टीएलएम के माध्यम से पढ़ाई कराई जाएगी। इससे उनका बौद्धिक विकास तो होगा ही साथ ही नई गतिविधियों में शामिल होने का अवसर मिलेगा। इसके लिए शेड्यूल तैयार कराया गया है।
नए शिक्षा सत्र से शुरू होगी व्यवस्था
परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा के स्तर में सुधार के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों का शैक्षिक आकलन प्रत्येक माह किया जाएगा। उसी प्रकार उनकी रिपोर्ट तैयार की जाएगी। यह व्यवस्था नए शिक्षा सत्र से शुरू की जाएगी। -बीपी सिंह, बीएसए