अंबेडकरनगर। ग्राम प्रधानों का कार्यकाल समाप्त होने के बाद अब एमडीएम योजना के संचालन में किसी भी प्रकार की बाधा न हो, इसके लिए जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र ने निर्देशित किया है कि अब योजना का संचालन अभिभावक संघ अध्यक्ष व प्रधानाध्यापक की ओर से संयुक्त रूप से किया जाएगा। साथ ही बीएसए कार्यालय को निर्देशित किया है कि जिन पूर्व ग्राम प्रधानों की ओर से अब तक एमडीएम का खाद्यान्न व कन्वर्जन कास्ट विद्यालय प्रबंध समिति को नहीं सौंपी गई है, उसके लिए नोटिस जारी कर अविलंब उनसे वापस ली जाए। यदि इसमें किसी भी पूर्व ग्राम प्रधान द्वारा लापरवाही बरती जाती है, तो संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई भी की जाए।
बीते दिनों ही ग्राम प्रधानों का कार्यकाल समाप्त हो गया था। अब जबकि 10 फरवरी से शासन के निर्देश पर उच्च प्राथमिक विद्यालयों का संचालन प्रारंभ हो रहा है, तो ऐसे में संबंधित विद्यालयों में एमडीएम योजना प्रभावित न हो, इसके लिए जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र ने सोमवार को जरूरी दिशा निर्देश जारी किए। एमडीएम प्रभारी सत्यप्रकाश मौर्य ने डीएम के दिशा निर्देश की जानकारी देते हुए बताया कि अब अभिभावक संघ अध्यक्ष व प्रधानाध्यापक द्वारा संयुक्त रूप से एमडीएम योजना का संचालन किया जाएगा।
पूर्व में ग्राम प्रधान व प्रधानाध्यापक की ओर से एमडीएम का संचालन किया जाता था। बताया कि 10 फरवरी से जिले के 586 उच्च प्राथमिक विद्यालयों में एमडीएम योजना का संचालन होगा। ऐसे में आने वाले छात्र-छात्राओं को सुचारु रूप से योजना के तहत दोपहर का भोजन मिल सके, इसके लिए योजना का संचालन अभिभावक संघ अध्यक्ष व प्रधानाध्यापक की ओर से संयुक्त रूप से किया जाएगा।
एमडीएम प्रभारी ने बताया कि जिन ग्राम प्रधानों ने कार्यकाल के समाप्त होने के बाद भी अब तक एमडीएम योजना के तहत खाद्यान्न व कन्वर्जन कास्ट विद्यालय प्रबंध समिति को नहीं सौंपी है, उन्हें शीघ्र एक बार फिर से नोटिस जारी की जाएगी। कहा कि डीएम के निर्देश पर ऐसे पूर्व ग्राम प्रधानों की सूची तैयार की जा रही है, जिन्होंने अब तक खाद्यान्न व कन्वर्जन कास्ट वापस नहीं की है। उन्हें शीघ्र ही नोटिस जारी की जाएगी।