माडरमऊ में सोमवार को सड़क जाम करते नाराज उपभोक्ता।
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तहसील क्षेत्र आलापुर के बैंक ऑफ बड़ौदा माडरमऊ शाखा में पांच दिन से कैश की किल्लत है। सोमवार को उपभोक्ताओं का धैर्य तब जवाब दे गया, जब उन्हें बताया गया कि आज भी धन-निकासी नहीं हो सकेगी। नाराज उपभोक्ताओं ने बैंक प्रशासन के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए नरियांव-बिड़हरघाट मार्ग जाम कर दिया। तोड़फोड़ का भी प्रयास किया।
कहा कि नोटबंदी के बाद से ही इस शाखा से धन-निकासी में दिक्कत हो रही है। उधर जाम की जानकारी मिलते ही एसडीएम आलापुर दलबल के साथ पहुंचे और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर लगभग एक घंटे तक चला जाम समाप्त कराया। उपभोक्ता सोमवार को बड़ी संख्या में बैंक ऑफ बड़ौदा माडरमऊ शाखा पहुंचे। लाइन में लगने के लगभग घंटे भर बाद उन्हें बताया गया कि कैश नहीं है।
इसलिए धन-निकासी नहीं हो सकेगी। इस पर उपभोक्ता भड़क उठे। एकजुट उपभोक्ताओं ने बैंक के बाहर हंगामा शुरू कर दिया। बैंक प्रशासन के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए शाखा के सामने ही नरियांव-बिड़हरघाट मार्ग जाम कर दिया। उनका कहना था कि गुरुवार व शुक्रवार को भी कैश नहीं था।
शनिवार व रविवार को अवकाश के बाद सोमवार को बड़ी उम्मीदों के साथ बैंक पहुंचे लेकिन आज भी कैश न होने का हवाला दिया गया। धन-निकासी न होने से उन्हें कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इस बीच कुछ युवकों ने बैंक के बाहर रखी बेंच व बोर्ड में तोड़फोड़ भी करने का प्रयास किया लेकिन अन्य लोगों ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया।
उधर जाम की सूचना मिलते ही एसडीएम विनय कुमार गुप्ता पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। शाखा प्रबंधक से वार्ता करने के बाद ग्रामीणों को समझा-बुझाकर लगभग एक घंटे तक चला जाम समाप्त कराया।
गौरतलब है कि नोटबंदी के बाद से कैश की किल्लत से जूझ रहे बैंकों की स्थिति में कुछ दिनों से सुधार हुआ है। हालांकि ग्रामीण क्षेत्रों के ज्यादातर बैंकों में स्थिति पूरी तरह अभी सामान्य नहीं हो सकी है। अक्सर ग्रामीण क्षेत्रों के बैंकों में कैश का संकट उत्पन्न होता रहता है।
इसके चलते संबंधित बैंक के उपभोक्ताओं को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। एसडीएम विनय कुमार गुप्ता ने बताया कि नरियांव-बिड़हरघाट मार्ग जाम की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंच गया। बैंक अधिकारियों से बात की तो बताया गया कि अपराह्न एक बजे के बाद रकम पहुंच जाएगी और वितरण शुरू होगा। इसी आश्वासन पर उपभोक्ता मान गए।