जहांगीरगंज/राजेसुल्तानपुर (अंबेडकरनगर)। दोहरे हत्याकांड के मुख्य आरोपी अमित सिंह व उसके परिवारीजनों का नाम मल्लूपुर मजगवां ग्राम पंचायत के परिवार रजिस्टर से शुक्रवार को खारिज कर दिया गया। एसडीएम कोर्ट ने इसके साथ ही उसके मूल गांव बनकटा बुजुर्ग के परिवार रजिस्टर से नाम काटे जाने की संपन्न हो चुकी प्रक्रिया को भी निरस्त कर दिया। ऐसे में अब हत्या का आरोपी अमित फिर से बनकटा बुजुर्ग गांव का निवासी कागजों में भी बन गया। वह यहीं स्थायी रूप से रह भी रहा था, लेकिन कर्मचारियों ने नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए उसका नाम मल्लूपुर मजगवां के निवासी के तौर पर शामिल कर लिया था। इसी के बाद से ही दोहरे हत्याकांड से जुड़े पक्षों में तनातनी शुरू हुई और वारदात को अंजाम दे दिया गया।
पूर्व प्रधान प्रतिनिधि अनिल मिश्र व उनके बड़े भाई सेवानिवृत्त फौजी सुरेंद्र मिश्र की बीते दिनों सरेराह गोली मारकर की गई हत्या मामले में शुक्रवार को प्रशासन ने एक और बड़ा निर्णय लिया। जहांगीरगंज विकासखंड के अधिकारियों व कर्मचारियों की ओर से की गई उस मनमानी को अब एक-एक कर समाप्त किया जा रहा है, जिससे ही विवाद की शुरूआत हुई थी। दोहरे हत्याकांड के आरोपी अमित सिंह व उसकी पत्नी श्रेया सिंह के नाम मल्लूपुर मजगवां ग्राम पंचायत से जारी निवास प्रमाणपत्र निरस्त करने के बाद अब इसी ग्राम पंचायत के परिवार रजिस्टर में दर्ज इन दोनों का नाम खारिज कर दिया गया है।
बताते चलें कि अमित सिंह बनकटा बुजुर्ग का मूल निवासी है। गांव में उसका पक्का व तमाम सुविधाओं युक्त स्थायी घर है। इसके बावजूद उसने जहांगीरगंज विकासखंड के अधिकारियों व कर्मचारियों से मिलीभगत कर अपना नाम बनकटा बुजुर्ग के परिवार रजिस्टर से खारिज कराकर मल्लूपुर मजगवां के परिवार रजिस्टर में शामिल करा लिया था। बनकटा की मतदाता सूची से भी उसका नाम हट गया था। अब वह मल्लूपुर की मतदाता सूची में नाम डलवाने के लिए प्रयासरत था, जिसका मिश्र परिवार विरोध कर रहा था।
इस मामले में सिर्फ अमर उजाला ने एक दिन पहले ही यह खबर दी थी कि हत्या के आरोपी का निवास प्रमाणपत्र खारिज होने के बाद अब परिवार रजिस्टर से भी नाम खारिज होगा। शुक्रवार को अमर उजाला की खबर पर मुहर भी लग गई। उप जिला मजिस्ट्रेट आलापुर धीरेंद्र श्रीवास्तव ने एडीओ पंचायत रवि प्रकाश श्रीवास्तव द्वारा कोर्ट में दाखिल की गई अपील के बाद मल्लूपुर मजगवां के परिवार रजिस्टर से दोहरे हत्याकांड के मुख्य आरोपी अमित सिंह व उसकी पत्नी श्रेया सिंह समेत दो बच्चों का नाम खारिज कर दिया। एसडीएम ने मल्लूपुर गांव के परिवार रजिस्टर में नाम जोड़ जाने की प्रक्रिया को अवैध करार दे दिया, जिसके बाद से इन चारों का नाम परिवार रजिस्टर से खारिज हो गया।
फिर से जुड़ जाएगा बनकटा बुजुर्ग में नाम
हेराफेरी कर हत्या के आरोपी अमित सिंह ने मूल गांव बनकटा बुजुर्ग से भले ही अपना नाम कटवा लिया रहा हो, लेकिन हत्याकांड के बाद उसके प्रयासों पर पानी फिर गया है। एसडीएम कोर्ट ने मल्लूपुर मजगवां ग्राम पंचायत के परिवार रजिस्टर में उसका नाम शामिल किए जाने के निर्णय को तो निरस्त किया ही, साथ में बनकटा बुुजुर्ग गांव के परिवार रजिस्टर से उसका नाम काटे जाने के निर्णय को भी निरस्त कर दिया। इसमें उसके अलावा पत्नी श्रेया व दो बच्चे भी शामिल रहे। एसडीएम कोर्ट के निर्णय के बाद अब आरोपी अमित व उसकी पत्नी समेत दोनों बच्चों का नाम अब फिर से बनकटा बुजुर्ग गांव के परिवार रजिस्टर में शामिल कर दिया जाएगा।