अंबेडकरनगर। अकबरपुर नगर के बीच स्थित राज्य परिवहन निगम के बस स्टेशन का ठौर जल्द बदलने वाला है। जिला प्रशासन ने इसकी तैयारियां शुरू कर दी हैं। अभी जहां पर बस स्टेशन है वहां ठीक सामने ओवरब्रिज की रिटेनिंग वॉल बन जाने की वजह से स्थानाभाव है। इसके अलावा अत्यंत व्यस्ततम क्षेत्र में बस स्टेशन आ जाने के चलते जाम की समस्या भी बनी रहती है। इसे देखते हुए ही अब शहर के बाहर उपयुक्त स्थान की तलाश चल रही है।
अकबरपुर नगर के बस स्टेशन को स्थानांतरित करने की प्रक्रिया नए सिरे से शुरू हो गई है। बसपा सरकार में परिवहन मंत्री रहने के दौरान मौजूदा अकबरपुर विधायक रामअचल राजभर ने शहर के बाहर अत्याधुनिक वर्कशॉप की आधारशिला रखवाई थी। उम्मीद हुई कि बस स्टेशन भी यहीं शिफ्ट हो जाएगा। लगभग डेढ़ दशक पहले बनी यह उम्मीद शिलान्यास से आगे बात न बढ़ पाने से टूट गई थी।
इसके बाद भी समय-समय पर डिपो के कभी पुराने तहसील परिसर तो कभी कोतवाली परिसर में शिफ्ट होने के प्रयास किए गए लेकिन डिपो लायक दोनों ही स्थान उपयुक्त नहीं पाए गए। इसके चलते पिछले लंबे समय से यह प्रक्रिया लगभग ठप पड़ गई थी। अब डीएम अविनाश कुमार सिंह ने बस स्टेशन स्थानांतरण को प्राथमिकता सूची में शामिल किया है। यह सूची उनके कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय में दर्ज भी है।
प्रशासन की तैयारी यह है कि नगर के बाहर गौहन्ना चौराहे, बसखारी रोड स्थित नेवतरिया चौराहे या फिर कटरिया याकूबपुर बाग तिराहे के आसपास के किसी क्षेत्र में पर्याप्त भूमि की उपलब्धता हो जाए। इन सभी स्थानों से फिलहाल ई-रिक्शे के जरिए यात्रियों का आवागमन हो रहा है। बस स्टेशन बन जाने के बाद शहर से यात्रियों का वहां तक पहुंचना भी सुलभ ही रहेगा। इसके अलावा अयोध्या मार्ग से जो बाईपास कटरिया याकूबपुर तक आ रहा है उस पर भी प्रशासन की निगाह है। माना जा रहा है कि जल्द ही इस बारे में कोई निर्णय कर लिया जाएगा।
यात्रियों की बढ़ेगी सुविधा, जाम से राहत
नया बस स्टेशन बन जाने से कई तरह के फायदे होंगे। मौजूदा बस स्टेशन काफी पुराना होने से यहां पर्याप्त यात्री सुविधाएं नहीं हैं। नए बस स्टेशन के बनने से यात्री प्रतीक्षालय का बेहतर निर्माण हो सकेगा। अभी यात्रियों को यहां शेड के नीचे बैठना पड़ता है। नए बस स्टेशन में ज्यादा स्थान होने से यात्रियों के लिए पेयजल, शौचालय के साथ ही कई अन्य तरह की सुविधाएं भी मिल सकेंगी। इसके अलावा बस स्टेशन स्थानांतरण से जाम की समस्या से भी राहत मिलेगी। अभी शहर के भीतर मुख्य मार्ग के किनारे ही बस स्टेशन होने के कारण अक्सर जाम की स्थिति बन जाती है। बसों के खड़े होने के अलावा वाहन सुचारु रूप से नहीं खड़े हो पाते।
सभी विकल्पों पर दिया जा रहा ध्यान
बस स्टेशन को लेकर सभी तरह के विकल्पों पर ध्यान दिया जा रहा है। शहर के बाहर बस स्टेशन को शिफ्ट करना है। इसके लिए तेजी से प्रयास चल रहे हैं। - अविनाश सिंह, डीएम