गौरतलब है कि मालीपुर रोड पर जिला कारागार का निर्माण चल रहा है। निर्माण का जिम्मा राजकीय निर्माण निगम को मिला है। यहां शुरू से ही निर्माण में लापरवाही व धांधली के मामले सामने आते रहे हैं।
गत वर्ष गैराज की एक बीम ढह जाने की खबर सिर्फ अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित की थी। इसमें जांच टीम का गठन कर जांच कराई गई, लेकिन कोई नतीजा सामने नहीं आ सका था। इस बीच एक दिन पूर्व निर्माणाधीन परिसर में लगभग 75 फुट लंबी चहारदीवारी अचानक ढह गई। इससे वहां हड़कंप मच गया।
आननफानन में दीवार को फिर से जोडने का काम शुरू हुआ, लेकिन तब तक मामला सार्वजनिक हो चुका था। निर्माण निगम के अधिकारियों ने घटिया निर्माण के चलते दीवार गिरने से इंकार करते हुए कहा था कि दीवार पुरानी थी। यह गिरी नहीं है, बल्कि निर्माण के लिए इसे गिराया गया है।
इस बीच मामले की गंभीरता को डीएम विवेक ने पूरे मामले की जांच के लिए एसडीएम पंकज कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में एई पीडब्लूडी डीसी भूकेश व वरिष्ठ जेल अधीक्षक मण्डल कारागार फैजाबाद की तीन सदस्यीय टीम का गठन कर दिया। साथ ही टीम को तीन दिन के अंदर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी ने बताया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। निर्माण कार्य में किसी प्रकार की मनमानी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।