जलालपुर। पैर में फ्रैक्चर होने का हवाला देकर रॉड डालने के लिए ऑपरेशन के दौरान एक मासूम की निजी अस्पताल में मौत का मामला प्रकाश में आया है। संबंधित चिकित्सक पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए परिवारीजनों ने ग्रामीणों के साथ थाने पहुंचकर चिकित्सक के विरुद्ध केस दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की। इस दौरान हंगामा भी हुआ। सूचना मिलने पर एसडीएम व सीओ ने पहुंच समझा-बुझाकर शांत कराया। बाद में तहरीर के आधार पर अज्ञात के विरुद्ध केस दर्जकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार, मालीपुर थाना क्षेत्र के सिकंदरपुर निवासी विनोद पाण्डेय का पांच वर्षीय पुत्र आर्यन गुरुवार देर शाम घर के बाहर खेलते समय गिर गया था। इससे उसके पैर में चोटें आ गईं। घरवाले उसे लेकर मालीपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास स्थित एक निजी अस्पताल ले गए। चिकित्सक ने जांच के बाद में बताया कि उसके पैर की हड्डी टूट गई है। रॉड डलवाना पड़ेगा। इसके लिए 20 हजार रुपये मांगे गए। पिता विनोद के अनुसार, उन्होंने 20 हजार रुपये चिकित्सक को दे दिए। आरोप है कि इसके बाद, चिकित्सक ने कहा कि ऑपरेशन की सुविधा यहां नहीं है। इसके लिए जौनपुर स्थित एक अन्य अस्पताल ले जाना होगा।
विनोद ने बताया कि वे बच्चे को लेकर शुक्रवार सुबह अस्पताल की एंबुलेंस से जौनपुर गए। दोपहर बाद ऑपरेशन हुआ। ऑपरेशन के काफी देर बाद भी बच्चे को होश नहीं आया। इस पर जब उन्होंने संबंधित चिकित्सक से शिकायत की तो उसने बताया कि कुछ देर में होश में आ जाएगा। बाद में हालत गड़बड़ होने का हवाला देकर कहीं और ले जाने की सलाह दी। इसके बाद एंबुलेंस से इधर-उधर टहलाते रहे। इसी दौरान बताया कि बच्चे की मौत हो गई है। शुक्रवार देर रात वे एंबुलेंस से शव लेकर मालीपुर पहुंचे। घर जाने के बजाए सीधे थाने पहुंचे। संबंधित चिकित्सक पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए केस दर्ज करने के लिए तहरीर दी। शनिवार सुबह बड़ी संख्या में ग्रामीण भी थाने पहुंच गए और शव का पोस्टमार्टम कराने के साथ ही केस दर्ज करने की मांग करने लगे। सूचना पर एसडीएम व सीओ जलालपुर भी थाने पहुंच गए। उन्होंने ग्रामीणों को समझाकर मामला शांत कराया। एसओ नागेंद्र ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज तहरीर के आधार पर अज्ञात के विरुद्ध केस दर्जकर छानबीन शुरू कर दी गई है।