अंबेडकरनगर। जिला अस्पताल में मरीजों को जांच के नाम पर बड़ी सुविधा मिलने जा रही है। शासन ने यहां 92 लाख रुपये की लागत से इंट्रीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब की स्थापना का निर्णय लिया है। इससे यहां थॉयराइड, प्रोटेस्ट, एलाइजा, हिस्ट्रो आदि की जांच होनी शुरू हो जाएगी जबकि एचआईवी, टीबी, हृदय रोग आदि की अब यहां सघन जांच सुविधा मिलेगी। यह सभी सुविधाएं मरीजों को लगभग दो माह के भीतर मिलनी शुरू हो जाएगी।जिला अस्पताल में जांच के नाम पर मरीजों की परेशानी अब दूर होने वाली है। खून आदि की जांच का बेहतर ढंग से लाभ दिलाने के लिए शासन ने जिला अस्पताल अत्याधुनिक मशीनों से लैस इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब के निर्माण को मंजूरी प्रदान की है। इस लैब के संचालन से अब लगभग ज्यादातर जांच की सुविधा मरीजों को यहीं मिल सकेगी। मालूम हो कि जिला अस्पताल में कई तरह की जांच सुविधा अब तक नहीं मिल पा रही है।
इसके चलते मरीजों को संबंधित जांच के लिए इधर उधर भटकने को मजबूर होना पड़ रहा है। उन्हें निजी पैथोलॉजी सेंंटर का सहारा लेने को मजबूर होना पड़ता है। इससे न सिर्फ समय की बर्बादी होती है बल्कि आर्थिक चपत भी लगती है।
अब अत्याधुनिक हेल्थ लैब की स्थापना से मरीजों को व्यापक लाभ मिलेगा। जिला अस्पताल के प्रबंधक डॉ. हर्षित ने बताया कि लगभग 92 लाख रुपये की लागत से पैथोलॉजी सेंटर का उच्चीकरण कर हाईटेक हेल्थ लैब का निर्माण होगा। इसके निर्माण की जिम्मेदारी कार्यदायी संस्था उत्तर प्रदेश राज्य निर्माण सहकारी संघ लिमिटेड को सौंपी गई है। संस्था ने काम भी प्रारंभ कर दिया है।
लैब स्थापना से मिलेंगी ये सुविधाएं
अत्याधुनिक लैब स्थापित होने से हिस्ट्रो पैथोलॉजी जांच की सुविधा भी अब यहां मिलने लगगी। इसमें मांस का टुकड़ा लेकर जांच की जाती है। यह जांच अब तक बड़े शहरों में होती आई है। अब जिला अस्पताल के भी लैब में मरीजों को यह सुविधा देने की तैयारी है। थॉयराइड व एलाइजा जैसी जांच का लाभ भी पहली बार मरीजों को यहां दिया जाएगा। इसके साथ ही टीबी, एचआईवी, शुगर व हृदय रोग आदि की प्रारंभिक जांच जिला अस्पताल में होती रही है। अब इन सभी रोगों की सघन जांच मरीजों को मिलेगी।
बाहर से करानी पड़ रही जरूरी जांच
जिला अस्पताल में अक्सर बेपटरी होने वाली जांच की सुविधा का खामियाजा मरीजों को भुगतना पड़ता है। बुधवार को जब टीम जिला अस्पताल पहुंची तो कई मरीज अलग अलग जांच के लिए इधर उधर भटकते दिखे। भगवानपुर के बब्लू को हार्निया की समस्या थी। इन्हें चिकित्सक ने जांच के लिए लिखा। जिला अस्पताल में यह सुविधा न होने पर उसे निजी पैथोलॉजी सेंटर का सहारा लेना पड़ा। हाशिमपुर बरसावां निवासी संगीता ने कहा कि बच्चेदानी का ऑपरेशन होना है। इसके लिए होने वाली जांच बाहर से करानी पड़ी। रामपुर सकरवारी निवासी लालजी ने कहा कि टीबी की जांच करानी थी। जिला अस्पताल में सुविधा नहीं मिली तो निजी पैथोलॉजी सेंटर पर कराना पड़ा।
जांच की होगी बेहतर व्यवस्था
हाईटेक हेल्थ लैब के निर्माण से लगभग सभी प्रकार की जांच की सुविधा जिला अस्पताल में मिलने लगेगी। इसके लिए मरीजों को इधर उधर नहीं भटकना पड़ेगा। लगभग दो माह में यह सुविधा मरीजों को दी जाने लगेगी।
-डॉ. ओमप्रकाश सीएमएस