अंबेडकरनगर में इस बार समीकरण बदले हुए हैं। बसपा के सांसद रितेश पांडेय पाला बदलकर भगवा खेमे में आ चुके हैं। बसपा शासनकाल में मंत्री रहे और वर्तमान में यहीं की कटेहरी विधानसभा सीट से विधायक लालजी वर्मा साइकिल पर सवार होकर मैदान में उतरे हैं। वहीं, ब्राह्मण मतदाताओं को अपने पाले में लाकर दो बार जीत का स्वाद चख चुकी बसपा ने इस बार मुस्लिम प्रत्याशी पर दांव लगाया है। करीब ढाई लाख मुस्लिम मतदाताओं को देखते हुए उसने कमर हयात को मैदान में उतारा है, जो लड़ाई को त्रिकोणीय बना रहे हैं।
रामधुन और विकास के बीच महंगाई, बेरोजगारी भी मुद्दा
हे राम लला कृपा करो, जब आई अगले साल, बनी विधायक, आई अवध में लागल प्रोटोकाॅल..... अयोध्या से अंबेडकरनगर जिले में प्रवेश करते ही मया बाजार (गोसाईंगंज) में एक मिठाई की दुकान पर चल रहा यह गाना बरबस ही लोगों को आकर्षित कर रहा था। गाना सुनकर हम भी रुक लिए। अंदर इस धुन के साथ चुनावी चर्चा तेज थी। राजकुमार बोले, इस बार राम के नाम पर वोट पड़ेगा। ऋषि भी हां में हां मिलाते हैं। हालांकि वह यह भी जोड़ते हैं कि भ्रष्टाचार और अपराध पर भी लगाम लगा है। अरुण यादव बोले, इस बार बिरादरी के वोट भाजपा के साथ हैं। राजकुमार ने छुट्टा पशु और पक्के मकान का मुद्दा उठाया। पवन पांडेय बोले, बुनकर भी खुश हैं, 18 घंटे बिजली मिल रही है। हालांकि, महंगाई और बेरोजगारी पर भी ध्यान देने की जरूरत है।
कानून-व्यवस्था, लाभार्थी योजनाओं की चर्चा
कटेहरी में प्रवेश करते ही अयोध्या, वाराणसी के फोरलेन का काम तेजी से चल रहा है। एक कपड़े की दुकान पर रुके तब तक सपा की झंडा लगी कई गाड़ियां निकलीं। पूछने पर व्यापारी पंकज बोले, शिव बाबा के पास अखिलेश की जनसभा है। चुनाव में कड़ा मुकाबला है, लेकिन व्यापारी भाजपा के साथ है। सांसद, विधायक तो कुछ नहीं किए, लेकिन सरकार काम कर रही है। बुजुर्ग आशाराम बोले, अब चोरी-छिनैती तो नहीं होती है। राशन मिल रहा है, विकास हो रहा है। और क्या चाहिए? राम प्रसाद बोले, लेखाजोखा में व्यापारियों को थोड़ी राहत दी जानी चाहिए। मटरू राम बोले, जिले में कृषि कॉलेज, हॉस्पिटल सब बसपा सरकार में बना। इस बार भी लड़ाई कड़ी होगी।
पक्ष-विपक्ष में खूब दलीलें
अकबरपुर के पटेलनगर चौराहे पर मिले बृजेश यादव बोले, इस बार कहीं कोई लहर नहीं है। सुरेंद्र का मानना है कि लड़ाई सपा, भाजपा के बीच है। विकास सिंह कहते हैं, बेरोजगारी बढ़ी है, शिक्षा महंगी हो गई, प्राइमरी में काफी समय से भर्ती नहीं हुई।
युवाओं में रोजगार का सवाल
टांडा के बसखारी में मिले सूर्य भूषण त्रिपाठी कहते हैं, मायावती की ढिलाई से यहां सपा, भाजपा के बीच सीधी लड़ाई है। अरुण मिश्रा इसे आैर साफ करते हुए कहते हैं, यह सब बसपा के प्रत्याशी बदलने और देर से देने की वजह से है। सत्य नारायण अग्रहरि कहते हैं, महंगाई बढ़ी है। रोजगार है नहीं, युवा नाराज हैं। इसका असर चुनाव में दिखेगा।
जातीय समीकरण
(अनुमानित आंकड़े)