अंबेडकरनगर। आलापुर इलाके के अछती गांव में वर्ष 2021 में हुई हत्या और जानलेवा हमले के मामले में एडीजे प्रथम राम विलास सिंह की कोर्ट ने चार आरोपियों को दोषी करार माना है। कोर्ट ने इस मामले में छह आरोपियों को दोषमुक्त मानते हुए बरी करने का आदेश भी दिया है।
कोर्ट ने दोषियों को सजा सुनाने के लिए 20 मार्च की तिथि मुकर्रर की है। कोर्ट ने प्रस्तुत गवाहों व साक्ष्यों के आधार पर आरोपी युसुफ खान, इरसाद, इसराइल, मो. अहमद, बेलाल और सिदरा फातिमा को दोषमुक्त करार मानते हुए सादिक उर्फ कल्लू, इसराद खान, नदीम खान व अलीम को दोषी माना है।
अछती गांव की प्रवीन लता ने तीन दिसंबर 2021 को पुलिस में दर्ज कराई प्राथमिकी में बताया था कि शाम करीब सात बजे संदहा निवासी सादिक उर्फ कल्लू, उसकी पत्नी सिदरा फातिमा, अछती गांव के इसराध खान, युसुफ, उसके पुत्र इरशाद भाई इसराइल, अलीम, नदीम, मकदूमपुर निवासी अहमद, टांडा के चिंतौरा निवासी बेलाल ने उनके घर पर हमला कर दिया था।
हमलावरों ने चाकू, लाठी, डंडों से महिला व उसके पति रामसकल मौर्य पुत्र रणविजय व दिग्विजय को बुरी तरह पीटा। हमले में रामसकल का सिर फट गरा और बेहोश हो गए। रणविजय का एक हाथ टूट गया और अंगुली कट गई। चालक विनय यादव निवासी पटना मुबाकरपुर पर भी जानलेवा हमला किया।
सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद मामले की विवेचना के दौरान घायल रामसकल मौर्य की मौत हो गई। इस पर पुलिस ने गैर इरादतन जानलेवा हमले की धारा को हत्या में तब्दील कर दिया। विवेचना के बाद पुलिस ने सभी दस आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किया। इस मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम कोर्ट में चली।