अंबेडकरनगर। कोविड-19 को देखते हुए ईद मीलादुन्नबी के मौके पर किसी भी प्रकार का जुलूस नहीं निकलेगा। चौराहों व सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी प्रकार की भीड़भाड़ एकत्र नहीं होनी चाहिए। सोशल डिस्टेंसिंग पर विशेष ध्यान दिया जाए। यह दिशा निर्देश गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में धर्मगुरुओं के साथ हुई बैठक के दौरान जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र ने दिए। कहा कि कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए शासन ने जो गाइड लाइन जारी की है, उसका शत-प्रतिशत पालन किया जाए।
शुक्रवार 30 अक्तूबर को मुसलमानों के आखिरी रसूल हजरत मोहम्मद मुस्तफा अलैह के जन्मदिवस पर मनाए जाने वाले बारावफात पर्व को सकुशल व शांतिपूर्ण ढंग से मनाए जाने को लेकर गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में धर्मगुरुओं के साथ जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र ने बैठक की। पर्व को मनाए जाने के संबंध में शासन द्वारा जारी गाइड लाइन के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि कोरोना संकट के चलते इस बार किसी भी प्रकार के जुलूस निकाले जाने पर पूरी तरह प्रतिबंध है।
ऐसे में जुलूस निकाले जाने की अनुमति नहीं है। चौराहों व सार्वजनिक स्थानों पर भीड़भाड़ एकत्र न होने दिया जाए। किसी भी प्रकार के कार्यक्रम के आयोजन के के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन जरूर किया जाए। साथ ही मास्क लगाने की अनिवार्यता भी जरूरी है। धर्मगुरुओं से आह्वान किया कि कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए शासन द्वारा जो गाइड लाइन जारी की गई है, उसका शत-प्रतिशत पालन कराने को लेकर अपनी जिम्मेदारी का निर्वह्न बखूबी करें।
डीएम ने अधिशाषी अधिकारी नगर पालिका परिषद को निर्देशित करते हुए कहा कि पर्व को देखते हुए सभी मस्जिदों के आसपास न सिर्फ साफ सफाई सुनिश्चित की जाए, बल्कि पानी का टैंकर भी खड़ा किया जाए। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। सभी सीओ व थानाध्यक्षों को निर्देशित किया कि पर्व को सकुशल व शांतिपूर्ण ढंग से निपटाने को लेकर सभी जरूरी कदम उठाएं। यदि कोई किसी भी प्रकार की गड़बड़ी करने की कोशिश करे, तो उससे सख्ती से निपटा जाए। इस दौरान एसपी आलोक प्रियदर्शी, सीडीओ घनश्याम मीणा, एडीएम डा. पंकज कुमार वर्मा आदि मौजूद रहे।