आलापुर (अंबेडकरनगर)। पूर्वांचल के ऐतिहासिक गोविंद साहब धाम में गोविंद दशमी पर शुक्रवार आधी रात के बाद पवित्र गोविंद सरोवर में स्नान-पूजन का दौर शुरू होगा। पुजारी भगेलूदास सरोवर में स्नान कर बाबा के मठ पर विधिविधान से पूजन कर इसकी शुरुआत करेंगे। इसके बाद श्रद्धालुओं के स्नान-पूजन के साथ मेले का आगाज भी होगा।
शनिवार को पवित्र गोविंद सरोवर में डुबकी लगाने के पड़ोसी जिलों के हजारों श्रद्धालुओं के गोविंद साहब धाम पहुंचने की उम्मीद है। ये श्रद्धालु शनिवार को गोविंद दशमी पर स्नान करने के बाद परंपरा के अनुसार बाबा के मठ पर माथा टेक कर परिवार व समाज की बेहतरी के लिए प्रार्थना करेंगे।
गौरतलब है कि गोविंद साहब धाम की ख्याति पूरे पूर्वांचल में है। इस अवसर पर एक माह तक चलने वाले गोविंद साहब के मेला को लेकर श्रद्धालुओं के साथ ही व्यापारियों में भी खासा उत्साह रहता है।
मेले में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम के लिए शुक्रवार देरशाम एसडीएम आलापुर बाबूराम, सीओ जलालपुर देवेंद्र कुमार मौर्य, तहसीलदार आलापुर सुनील कुमार, मेला कोतवाल कृपाशंकर यादव आदि ने मेला स्थल का भ्रमण कर सभी को पूर्ण सुरक्षा का भरोसा भी दिलाया।
स्नान-पूजन के साथ मेले में हिस्सेदारी के लिए देर शाम से ही जौनपुर, आजमगढ़, संतकबीरनगर, गोरखपुर, गाजीपुर व सुल्तानपुर सहित अन्य जिलों लोगों का भी गोविंद साहब धाम पर पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया।
गोविंद साहब मेला खजला के लिए काफी प्रसिद्ध है। मेले में अलग-अलग जिलों से बड़ी संख्या में खजला व्यापारी दुकानें सजाने पहुंचे हैं। खोवा से बने खजले की मेले में खूब डिमांड रहती है। इसके अलावा मेले में बड़ा झूला, सर्कस, थिएटर, लकड़ी के सामान, पालतू जानवरों व कपड़े आदि की दुकानें भी सजी हैं।