हजपुरा (अंबेडकरनगर)। तहसील क्षेत्र जलालपुर का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र रसूलपुर बाकरगंज करीब 30 हजार आबादी के लिए छलावा साबित हो रहा है। तीन वर्ष पहले इस अस्पताल का संचालन शुरू हुआ। करीब एक वर्ष से यहां चिकित्सक का पद रिक्त चल रहा है। यहां आने वाले मरीजों का उपचार फार्मासिस्ट के भरोसे चल रहा है। अस्पताल तक पहुंचने के लिए पिचमार्ग भी नहीं बन पा रहा है।
प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र का संचालन मार्च 2020 में हुआ। अस्पताल में एक वर्ष से चिकित्सक का पद खाली है। अस्पताल तक पहुंचने का रास्ता भी ठीक नहीं है। इससे भी मरीज यहां आने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं।
शुरुआत में 50 से अधिक मरीज यहां उपचार के लिए पहुंचते थे, लेकिन अब तो इनकी संख्या कई दिन से दहाई में भी नहीं पहुंच पाती। स्वास्थ्य केन्द्र पर एक वर्ष पूर्व डाॅ. राजेन्द्र प्रसाद यादव की तैनाती थी। उनके स्थानांतरण के बाद से फार्मासिस्ट पुजारी यादव, बीएचडब्ल्यू मनीष श्रीवास्तव, लैब टेक्नीशियन विनोद अग्रहरि ही अस्पताल का संचालन कर रहे हैं।
स्वास्थ्य केन्द्र तक जाने वाले रास्ते को पिच कराए जाने की मांग भी अब तक पूरी नहीं हो सकी। पूर्व प्रधान पुजारीलाल साहू ने कई बार अधिकारियों को पत्र लिखा लेकिन इसका कोई परिणाम नहीं निकला। बाकरगंज से अस्पताल करीब डेढ़ किलोमीटर दूर कांदीपुर गांव में स्थित है। अस्पताल का रास्ता काफी जर्जर हालत में है।
कालेपुर निवासी अविनाश, कादीपुर के कमला, अगनू, बाकरगंज के वंशू, सौर्या, दयाराम, मुस्कान, मालीपुर के मनोज ने अस्पताल में चिकित्सक की जल्द तैनाती किए जाने व अस्पताल तक पिच मार्ग बनवाए जाने की मांग की है।
तत्कालीन डीएम ने दिया था निर्देश
लगभग एक वर्ष पूर्व तत्कालीन डीएम सैमुअल पॉल एन ने अस्पताल का निरीक्षण किया था। स्वास्थ्य विभाग को यहां चिकित्सक की तैनाती करने और लोक निर्माण विभाग को पिच मार्ग बनाने का निर्देश दिया था। लंबा समय बीत गया, अब तक न तो चिकित्सक की तैनाती हो सकी और न ही पिच मार्ग का निर्माण का कार्य शुरू हुआ। इससे अस्पताल से जुड़ी करीब 30 हजार आबादी के लिए यह सिर्फ छलावा साबित हो रहा है। अस्पताल में प्रसव तक के लिए कोई समुचित व्यवस्था नहीं है। प्रसव के लिए भी महिलाओं को दूर के अस्पतालों का रुख करना पड़ता है।
जल्द दूर की जाएगी समस्या
सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर चिकित्सकों की उपलब्धता का प्रयास चल रहा है। जल्द ही रसूलपुर बाकरगंज में भी चिकित्सक की तैनाती कर दी जाएगी। अस्पताल के लिए जो जरूरी सुविधाएं हैं वे उपलब्ध कराई जाएंगी। सड़क निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग को पत्र भेजा जाएगा।
- डॉ. राजकुमार, सीएमओ