अंबेडकरनगर। सरकारी अस्पतालों की लगातार आ रही शिकायतों को लेकर डीएम अनुपम शुक्ल ने बुधवार को भीटी सीएचसी का निरीक्षण किया जहां पर उन्हें कई खामियां मिली। निरीक्षण के दौरान एक चिकित्सक समेत कर्मचारी नदारद रहे जिनका वेतन रोक दिया है। वहीं, अस्पताल की साफ-सफाई सही से न मिलने पर तीनों सफाई कर्मचारियों का भी वेतन बाधित कर दिया है।
निरीक्षण के दौरान डॉ. रवि राजभर व फार्मासिस्ट मोतीलाल मेडिकोलीगल करते हुए मिले, जबकि अधीक्षक डॉ गौतम कुमार मिश्र मुख्यालय पर गए थे। इस दौरान डॉ. सीपी भारती तीन दिनों से नदारद मिलने पर उनका वेतन रोकते हुए विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। वहीं, पूर्व में तैनात डॉ. ओमविकास मिश्र का तबादला आठ माह पहले जलालपुर में हो गया था, लेकिन उन्होंने अभी तक सरकारी आवास खाली नहीं किया था। शिकायत के बाद डीएम ने सीएमओ को तब तक वेतन बाधित रखने के निर्देश दिए जब तक आवास न खाली हो जाए।
इसके बाद उन्होंने औषधि कक्ष, चिकित्सक ओपीडी कक्ष, आकस्मिक सेवा कक्ष, मैटरनिटी विंग आदि का भी निरीक्षण किया। अस्पताल में निरीक्षण के दौरान डीएम को साफ-सफाई बेहतर नहीं मिली जिस पर उन्होंने सफाई कर्मी रामअवतार, अरविंद व शकील का वेतन रोकने का निर्देश दिए। उपस्थिति पंजिका में नियमित, एन एच एम एवं आउटसोर्सिंग स्टाफ की उपस्थिति चेक की जिसमें सुरेन्द्र एक्सरे टेक्नीशियन, नीरज वर्मा डार्क रूम सहायक, राघवेन्द्र शुक्ल कनिष्ठ सहायक, धर्मेंद्र डेटा आपरेटर अनुपस्थित मिले जिस पर सभी का वेतन बाधित करने के निर्देश दिए। वहीं, डेटा आपरेटर पंकज, स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी कृष्ण मोहन, बीसीपीएम रीमा गैरहाजिर मिले जिस पर डीएम ने गहरा रोष व्यक्त किया।
डीएम ने सभी वीएचएनडी सत्रों पर शत प्रतिशत लॉजिस्टिक की उपलब्धता सुनिश्चित कराने एवं सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर सीएचओ के समय से उपस्थित रहने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कहा कि कोई भी दवा बाहर से न लिखी जाए, सभी चिकित्सक भर्ती मरीजों का राउन्ड में परीक्षण करें। लापरवाह स्टाफ के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। अधीक्षक को निर्देश दिया कि ग्रीष्मकाल में लू के प्रकोप से बचाने के लिए चिकित्सालय में उपचार की समुचित व्यवस्था व शुद्ध पेयजल, ओआरएस सहित कोल्डरूम व्यवस्थित रहे जिससे किसी को भी असुविधा न हो।