अंबेडकरनगर। जन अधिकार पार्टी के प्रतिनिधि मंडल ने सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर डीएम से मुलाकात की और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा। कहा गया कि कोरोना संकट को देखते हुए न सिर्फ तीन माह की बिजली बिल, बल्कि तीन माह की फीस माफ की जाए। किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाया जाए। पिछड़ों, दलितों व अल्पसंख्यकों के हो रहे उत्पीड़न पर रोक लगाई जाए। चेतावनी दी गई कि यदि शीघ्र ही उनकी मागों को लेकर ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो बड़ा आंदोलन छेड़ने को मजबूर होंगे।
जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र मौर्य ने कहा कि केंद्र व प्रदेश सरकार की जनविरोधी नीतियों का खामियाजा देशवासियों को भुगतना पड़ रहा है। महंगाई चरम पर पहुंच रही है, जबकि रोजगार छिनता जा रहा है। कहा गया कि आरक्षण के साथ जिस प्रकार से छेड़छाड़ की जा रही है, उसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पिछड़ों, दलितों व अल्पसंख्यकों पर अत्याचार लगातार बढ़ रहा है। उत्पीड़न पर रोक लगाई जाए। डीजल व पेट्रोल के दाम में जिस प्रकार से प्रतिदिन वृद्धि हो रही है, वह चिंता का विषय है।
इस पर अंकुश लगाए जाने की आवश्यकता है। जिला सलाहकार हरिगोपाल मौर्य ने कहा कि कोरोना संक्रमण को देखते हुए घोषित लॉकडाउन के चलते आमजन विभिन्न प्रकार की आर्थिक मुश्किलों से जूझ रहा है। इसे देखते हुए न सिर्फ तीन माह की बिजली बिल, बल्कि तीन माह की फीस माफ की जाए। किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाया जाए। चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही उनकी मागों का निस्तारण नहीं हुआ, तो बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा। इस दौरान कृष्णकुमार, प्रमोद कुमार, जगराम, रामप्रकाश, तेजप्रताप, संदीप कुमार, अब्बास अली आदि मौजूद रहे।