अंबेडकरनगर। ऐतिहासिक स्थली पर भव्य श्रवण धाम महोत्सव का रविवार से आगाज होगा। तीन दिनों तक चलने वाले महोत्सव के लिए मंदिर से लेकर घाटों और प्रवेश द्वार से लेकर पंडाल को फूलाें व रंग बिरंगी रोशनी से सजाया गया है। यहां के सांस्कृतिक मंच पर न सिर्फ त्रेता युग की छवि दिखेगी, बल्कि कलाकारों की प्रस्तुतियां और यहां पहुंचने वाले दर्शक इसे पर्यटन नगरी के रूप में विकसित किए जाने की परिकल्पना को साकार करेंगे।
अयोध्या में भगवान श्रीराम के मंदिर स्थापना के साथ शुरू हुआ श्रवण धाम महोत्सव का सफर इस बार नई इबारत लिखने जा रहा है। रविवार सुबह वैदिक मंत्रोच्चार और हवन-पूजन के बीच महोत्सव का भव्य आगाज होगा। इसके बाद सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला शुरू होगी, जिसमें जिले की संस्कृति, परंपरा के साथ श्रवण कुमार के जीवन काल और भगवान राम के वनवास में इनकी भूमिका दर्शायी जाएगी। अंबेडकरनगर जिले के गठन और पिछले 30 वर्षों में हुए विकास से लोग रूबरू होंगे। स्थानीय कलाकारों और स्कूली बच्चों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। दुनिया भर में अपने भजन और कविताओं के लिए पहचाने जाने वाले भजन गायक अनूप जलोटा और कवि कुमार विश्वास महोत्सव के आयोजन को नया आयाम देंगे। वाराणसी की डमरू आरती और अयोध्या की तर्ज पर होने वाला दीपोत्सव कार्यक्रम को भव्यता प्रदान करेंगे। जिला प्रशासन की ओर से कार्यक्रम की सारी तैयारियां पूरी कर ली गई है।
-
इनसेट
श्रवण महोत्सव में आज
सुबह 09.00 बजे। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन-पूजन के साथ महोत्सव का शुभारंभ होगा।
सुबह 10.00 बजे। स्थानीय कलाकारों की ओर से भक्तिमय प्रस्तुतियां।
सुबह 10.30 बजे। स्कूली बच्चों की ओर से सांस्कृतिक प्रस्तुतियां।
सुबह 11.00 बजे। स्थानीय कलाकारों की ओर से लोकगीत प्रस्तुति।
सुबह 11.30 बजे। स्थानीय कलाकारों की ओर से लोकनृत्य प्रस्तुति।
दोपहर 12.00 बजे। सनातन भजन
दोपहर 01.00 बजे। महिला सशक्तीकरण पर कार्यक्रम
दोपहर 03.00 बजे। मुख्य अतिथि प्रभारी मंत्री गिरीश चंद्र यादव की ओर से औपचारिक शुभारंभ।
शाम 03.30 बजे। बृज के कलाकारों की ओर से फूलों की लट्ठमार होली व मयूर नृत्य।
शाम 04.30 से 06.00 बजे तक। तमसा आरती व भव्य दीपोत्सव।
शाम 06.00 बजे। अनूप जलोटा की ओर से भजन संध्या का आयोजन।