छात्रा की मौत के बाद पर जांच करती पुलिस
- फोटो : sucide
गांव निवासी मोहम्मद लतीफ की 18 वर्षीय पुत्री आलिया को स्कूल की बकाया फीस और प्रवेश पत्र लेने के लिए तीन हजार रुपयों की जरूरत थी। पर गरीब पिता इसकी व्यवस्था नहीं कर पा रहा था। इससे वह काफी परेशान थी। रविवार देर शाम खाना खाने के बाद वह अपने कमरे में चली गई और अंदर से दरवाजा बंद कर लिया।
इसके बाद उसने छत में लगे बांस से दुपट्टे का फंदा बना कर फांसी लगा ली। सोमवार सुबह काफी देर तक उसके कमरे से बाहर न निकलने पर परिवारीजनों को चिंता हुई। खटखटाने के बाद भी जब दरवाजा नहीं खुला तो एक लड़के ने खिड़की से अंदर देखा। वहां का दृश्य देखकर वह सन्न रह गया।
आलिया का शव छत से दुपट्टे के सहारे लटक रहा था। शोर मचाने पर परिवार के अन्य सदस्य भी वहां पहुंच गए। सूचना पर एसओ भीटी सोमेश्वर सिंह भी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। परिवारीजनों की मदद से दरवाजा खोलकर पुलिस अंदर गई और शव को अभिरक्षा में ले लिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
आलिया के पिता लतीफ ने बताया कि उसकी रिउना बाजार में उसकी पंक्चर बनाने की दुकान है। किसी प्रकार वह घर का खर्च चला रहा है। उसके तीन पुत्री व दो पुत्र हैं। वह बड़ी पुत्री का विवाह कर चुका है। दूसरे नंबर की आलिया ने पिछले वर्ष इंटरमीडिएट उत्तीर्ण की थी। वह बीए करना चाहती थी लेकिन आर्थिकतंगी के चलते उसने असमर्थता जताई थी।
इसके बाद भी आलिया ने रामलखन महाविद्यालय में बीए प्रथम वर्ष में प्रवेश ले लिया था। अब आगामी दिनों में परीक्षा होने वाली है। प्रवेश पत्र देने से पहले विद्यालय प्रशासन ने उससे तीन हजार रुपये की मांग की। तीन दिनों से आलिया उससे पैसे मांग रही थी। वह काफी प्रयास के बाद भी इसका इंतजाम नहीं कर सका। आलिया पढ़ने में तेज थी। उसकी मौत से पूरा गांव दुखी थी। किसी को विश्वास ही नहीं हो रहा था कि आलिया ऐसा कदम भी उठा सकती है। उधर एसओ श्री सिंह ने बताया कि घटना की छानबीन की जा रही है।