छह वर्ष पूर्व भूमि विवाद में गोली मारकर की गई हत्या मामले में अपर जनपद न्यायाधीश वीके जायसवाल ने आरोपी पिता-पुत्र को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोनों पर 11- 11 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
थाना सम्मनपुर में 22 मई 2010 को दर्ज कराए केस में हंसवर थाना क्षेत्र के दौलतपुर निवासी विनोद ने कहा था कि उनके पिता रामलगन की ससुराल सम्मनपुर के सतरही में है। वहां उनके पिता को भूमि विवाद में गोली मार दी गई। इससे उनकी मौत हो गई। विनोद की तहरीर पर पुलिस ने गांव निवासी दयाराम वर्मा व उनके पुत्र मनोज के विरुद्ध केस दर्ज किया था।
घटना के बाद से ही दोनों आरोपी फैजाबाद मंडल कारागार में निरुद्ध थे। बाद में उन्हें जमानत मिल गई थी। इस बीच यह मामला सत्र परीक्षण के लिए पेश हुआ। अपर जनपद न्यायाधीश वीके जायसवाल ने दोनों को मामले में दोषी पाया। अपर जिला जज ने दोनों आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। उन पर 11-11 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।