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डीआईओएस कार्यालय में बाबुओं ने प्रबंधक को पीटा 

Wed, 19 Jul 2017 10:00 PM IST
अमरउजाला ब्यूरो
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young man beaten
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डीआईओएस कार्यालय के बाबुओं ने बुधवार को स्कूल की मान्यता संबंधी जानकारी लेने प्रबंधक की पिटाई कर दी। पहले हाथों व पैरों से मारा इसके बाद बाद बेल्ट से जमकर पीटा। इस दौरान दफ्तर के किसी भी व्यक्ति ने उन्हें बचाने का प्रयास नहीं किया। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस लिपिक और प्रबंधक दोनों को थाने ले गई।
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अकबरपुर थाना क्षेत्र के बरवां नासिरपुर गांव निवासी मोहम्मद सरवर गांव में ही शम्स एजुकेशनल एकेडमी के नाम से विद्यालय का संचालन करते हैं। सरवर के अनुसार उन्होंने हाल ही में जूनियर हाईस्कूल की मान्यता के लिए बेसिक शिक्षा विभाग में फाइल जमा की थी।

माध्यमिक स्तर की मान्यता के लिए बुधवार को वह डीआईओएस कार्यालय गए थे। वहां एक कक्ष में बैठे बाबुओं से उन्होंने मान्यता के लिए आवश्यक जानकारी मांगी। इसी बीच प्रबंधक सरवर व लिपिक नीरज शुक्ल में पूछताछ को लेकर विवाद होने लगा। सरवर ने लिपिक से धीमी आवाज में बात करने को कहा तो सभी लिपिक एकजुट हो गए।
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इसी बीच नीरज प्रबंधक को मारने लगा। पहले हाथों और पैरों से धुना, इसके बाद बेल्ट निकालकर पिटाई की। इस दौरान बेअंदाज हुए लिपिक को किसी ने रोकने की कोशिश नहीं की। सभी लिपिक प्रबंधक को धक्का देकर बाहर करने में लगे रहे। घटना से कार्यालय में अफरा-तफरी मच गई। सरवर हाथ पैर जोड़ते रहे, लेकिन लिपिक का हाथ नहीं रुका।

पिटाई के चलते सरवर के शरीर पर कई स्थानों पर चोटें आईं। उसके कपड़े भी फट गए। सरवर ने किसी तरह लिपिक के चंगुल से खुद को बचाया। इसके बाद डायल 100 व अकबरपुर कोतवाली पुलिस को जानकारी दी। सूचना पर पहुंची पुलिस प्रबंधक व लिपिक को थाने ले गई।

इस बाबत कोतवाल रामलखन पटेल ने कहा कि दोनों पक्ष को थाने लाया गया है। छानबीन की जा रही है। उधर डीआईओएस विनोद सिंह ने बताया कि मामला ॉसंज्ञान में नहीं है। वे इसकी जानकारी करा रहे हैं। परिसर में इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति नहीं होने दी जाएगी।

जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में कार्यरत कर्मचारी नीरज ने कहा कि उन्होंने किसी प्रकार की मारपीट नहीं की है। संबंधित व्यक्ति को बताया जा रहा था कि मान्यता से संबंधित लिपिक आज मौजूद नहीं हैं। इसके बाद भी उनके द्वारा तेज आवाज में बात की जा रही थी। इससे मना करने पर ही वह हंगामा करने लगा। 

अकबरपुर कोतवाली लाए जाने के बाद दोनों पक्षों ने आपस में समझौता कर लिया। विद्यालय प्रबंधक ने कोतवाली पुलिस को लिखित तौर पर दिया किमामले में किसी प्रकार की कोई कार्रवाई की जरूरत नहीं है। कोतवाल रामलखन पटेल ने मामले में समझौता होने की पुष्टि की है।
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