बिना लाइसेंस के दवा बेचने व फर्जी चिकित्सक बनकर क्लीनिक चलाने के आरोपी की जमानत अर्जी प्रभारी जनपद न्यायाधीश ने खारिज कर दी है। बीते 29 अप्रैल को औषधि निरीक्षकों की टीम ने पुलिसकर्मियों के साथ छापेमारी कर पट्टी बाजार में बिना लाइसेंस के चल रहे एक क्लीनिक का संचालन पकड़ा था।
यहां से अवैध ढंग से दवाइयों की बिक्री पायी गई। औषधि निरीक्षकों के मुताबिक संचालक गुलाब चंद्र खुद को रजिस्टर्ड चिकित्सक बताकर लोगों का उपचार करता था। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर लिया है। आरोपी के विरुद्ध कई गंभीर धाराएं लगायी गई हैं।
अवर न्यायालय ने आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दी तो सत्र न्यायालय में जमानत का प्रार्थना पत्र दिया गया। जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि आरोपी द्वारा बिना डॉक्टरी कोर्स किए लोगों का इलाज कर उनके स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा था।