दिल्ली की एक कीटनाशक दवा बनाने वाली कंपनी के दो कर्मचारी दयाशंकर व नरेश कुमार झा बुधवार सुबह बसखारी थाने पहुंचे। उन्होंने बसखारी बाजार स्थित एक दुकान से उनकी कंपनी के नाम का फर्जी रैपर लगाकर नकली कीटनाशक दवाओं को महंगे दाम पर बेचे जेना की सूचना दी।
इस पर एसआई राधेश्याम शर्मा के नेतृत्व में टीम ने बसखारी बाजार स्थित सत्यनरायन मद्धेशिया की किराने की दुकान पर छापा मारा। निरीक्षण के दौरान लगभग डेढ़ लाख रुपये की कीटनाशक दवाएं बरामद की। इसमें कुछ दवा पैक हो चुकी थी, जबकि कुछ बड़े बड़े गैलन में रखी हुई थी।
पुलिस ने पकड़ी गई दवाओं को अभिरक्षा में ले लिया और इसके साथ ही सत्यनरायन को भी थाने ले आई। पूछताछ पर उसने बताया कि वह बहुत गरीब है। किसी प्रकार वह छोटी सी किराने की दुकान से घर का खर्च चला रहा था।
लगभग तीन माह पूर्व उसके पास एक व्यक्ति आया और उसने खुद को दिल्ली स्थित एक कीटनाशक दवा कंपनी का कर्मचारी बताते हुए दवाओं की पैकिंग करने के लिए कहा। साथ ही बदले में धनराशि भी देने की बात कही। गरीबी के चलते उसने पैकिंग करने की बात को स्वीकार कर लिया।
वह उस व्यक्ति को न तो नाम जानता है और न ही उसका निवास स्थान। बताया कि वह व्यक्ति प्रत्येक सप्ताह खुली दवाएं लेकर आता है और एक सप्ताह बाद पैक की हुई दवाएं लेकर चला जाता है। बाद में कंपनी कर्मचारी दयाशंकर की तहरीर पर पुलिस ने सत्यनरायन सहित एक अज्ञात के विरुद्ध केस दर्ज कर सत्यनरायन का चालान कर दिया।