अंबेडकरनगर। बुधवार को दिल्ली जा रही फरक्का एक्सप्रेस से मासूम को फेंके जाने का मामला सामने आने के बाद गुरुवार को अकबरपुर जीआरपी टीम पूरे दिन कांबिग में जुटी रही। कटेहरी से गोसाईगंज स्टेशन के बीच जीआरपी व पुलिस टीम ने पटरी के दोनों तरफ तलाशी अभियान चलाया। पूरे दिन चले तलाशी अभियान के बाद भी पुलिस टीम को सफलता हाथ नहीं लगी।
बताते चलें कि बुधवार को मालदा से दिल्ली जाने वाली फरक्का एक्सप्रेस में अपने पति व डेढ़ वर्षीय पुत्र के साथ पश्चिम बंगाल निवासी उमा बर्मन भी सफर कर रही थीं। बताया जाता है कि ट्रेन में बिहार के सीतामढ़ी निवासी कमलेश कुमार से कुछ विवाद हो गया। उस समय ट्रेन अंबेडकरनगर जिले के कटेहरी व अयोध्या जिले के गोसाईगंज स्टेशन के बीच पहुंची थी।
इसी बीच आरोपी ने महिला की गोद में मौजूद डेढ़ वर्षीय बच्चे को खींचकर चलती ट्रेन से बाहर फेंक दिया। इस पर ट्रेन जब गोसाईगंज स्टेशन पर रुकी तो पति पत्नी ने मामले की शिकायत दर्ज कराई। घटना की जानकारी अकबरपुर जीआरपी को दी गई। अकबरपुर जीआरपी टीम सूचना पाकर सक्रिय हुई। बच्चे की तलाशी अभियान चलाया गया। हालांकि अंधेरा हो जाने के चलते बच्चे का कुछ पता नहीं चला।
गुरुवार सुबह होने के साथ ही एक बार फिर अकबरपुर जीआरपी थानाध्यक्ष नितेन्द्र कुमार शुक्ल की अगुवाई में 150-150 पुलिस कर्मियों की दो टुकड़ियों ने कांबिंग शुरू की। पटरी के दोनों तरफ टीम पैदल तलाशी अभियान चलाते हुए कटेहरी से गोसाईगंज स्टेशन तक गई। पूरे दिन तलाशी अभियान चला। हालांकि, बच्चे का कहीं कोई पता नहीं चल पाया। घटना की जानकारी होने पर एसपी वीरेंद्र कुमार मिश्र ने सिविल पुलिस को भी तलाशी अभियान में मदद का निर्देश दिया। सिविल पुलिस भी जीआरपी पुलिस टीम के साथ कांबिंग में जुटी रही।