अंबेडकरनगर। मौसम ने शनिवार को एक बार फिर करवट लेते हुए ठंड बढ़ा दी। बूंदाबांदी और सर्द हवाओं से शनिवार को पूरा जिला ठिठुर गया। जगह-जगह अलाव जलते दिखे। खराब मौसम के कारण बाजारों व प्रमुख मार्ग पर भी सन्नाटा पसरा रहा।
शनिवार को अधिकतम तापमान 22 डिग्री तो न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, तेज बारिश की आशंका से आलू किसानों की चिंता बढ़ गई है।
शुक्रवार देर शाम से ही मौसम बदलना शुरू हो गया था। बादल उमड़ने के साथ ही सर्द हवाएं चलने लगीं। शनिवार सुबह काले घने बादल छा गए। अकबरपुर के अलावा जिले के अन्य क्षेत्रों में बूंदाबांदी भी हुई और पूरे दिन धूप नहीं निकली। सर्द हवाओं ने सभी की कंपकंपी छुड़ा दी।
अलाव का सहारा लेते दिखे लोग
अचानक बढ़ी ठंड से बचने के लिए लोग जगह-जगह अलाव का सहारा लेते दिखे। नगर पालिका परिषद अकबरपुर क्षेत्र में प्रमुख स्थानों पर तो अलाव की व्यवस्था है, लेकिन अभी भी इनकी संख्या बढ़ाए जाने की जरूरत है। अकबरपुर नगर के मीरानपुर निवासी दीप कुमार व हरिओम ने कहा कि अलाव की संख्या तत्काल बढ़ाई जाए। नगर पालिका परिषद जलालपुर व टांडा के अलावा नगर पंचायत इल्तिफातगंज, अशरफपुर किछौछा, जहांगीरगंज व राजेसुल्तानपुर में भी अलाव की संख्या बढ़ाए जाने की मांग संबंधित क्षेत्र के लोगों ने की है।
जिला अस्पताल में ठिठुरते रहे तीमारदार
घने बादल व सर्द हवाओं के बीच बढ़ी ठंड से बचने के लिए जिला अस्पताल में तीमारदार इधर उधर भटकते हुए दिखे। अलाव की समुचित व्यवस्था न होने से तीमारदार जगह जगह ठंड से ठिठुरते दिखे। ज्यादातर तीमारदार बरामदे व अन्य स्थानों पर कंबल ओढ़कर ठंड से बचने की कोशिश करते दिखे। इसके अलावा जगह जगह तीमारदार स्वयं ही अलाव की व्यवस्था कर ठंड से बचते दिखे।
गर्म कपड़ों की बढ़ी बिक्री
अचानक बदले मौसम के मिजाज के कारण गर्म कपड़ों की बिक्री में एक बार फिर से तेजी आ गई है। अकबरपुर नगर के शहजादपुर के गर्म कपड़ा व्यवसाई राहुल कुमार ने कहा कि बीच में जिस प्रकार से तापमान में वृद्धि हुई थी, उसे देखते हुए ऐसा प्रतीत हो रहा था कि ठंड पड़ेगी ही नहीं। इससे गर्म कपड़ों की बिक्री पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने लगा था। हालांकि शनिवार को जिस प्रकार का मौसम हुआ, उससे अब एक बार फिर से गर्म कपड़ों की बिक्री में तेजी आने की उम्मीद है। नई सड़क के रेडीमेड कपड़ा शोरूम के मालिक नाजिम अली ने कहा कि तापमान में कमीं होने से एक बार फिर से उम्मीद बढ़ी है कि गर्म कपड़ों की बिक्री में तेजी आएगी।
आलू किसानों की बढ़ी चिंता
घने बादल छाने के बीच तेज बारिश होने की संभावना ने आलू किसानों की चिंता बढ़ा दी। भीटी के किसान रामबख्श सिंह ने कहा कि यदि तेज बारिश हुई और खेत में पानी भरा, तो इससे आलू की फसल को नुकसान होगा। अकबरपुर के किसान प्रदीप कुमार व आलोक ने कहा कि बारिश से आलू की फसल को तो नुकसान होगा, लेकिन गेहूं, मटर व अन्य फसल के लिए लाभदायक होगा। मौजूदा समय में गेहूं की फसल की सिंचाई की जरूरत है। ज्यादातर किसान बारिश होने की उम्मीद में सिंचाई नहीं कर रहे। हालांकि उन गेहूं किसानों की चिंता जरूर बढ़ी है, जिन्होंने एक दो दिन में सिंचाई की है।