अंबेडकरनगर। जिले के माध्यमिक विद्यालयों में अब लर्निंग आउटकम की कक्षाएं चलेंगी। राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद की लर्निंग आउटकम पाठ्य सामग्री से कक्षा नौ और 10 के छात्र-छात्राओं को शिक्षक पढ़ाएंगे। इसके लिए विभाग और माध्यमिक विद्यालयों की ओर से तैयारी की जा रही है। जिले में 32 राजकीय, 60 सहायता प्राप्त, 286 मान्यता प्राप्त माध्यमिक विद्यालय हैं।
माध्यमिक विद्यालयों में ग्रीष्म अवकाश समाप्त होने के बाद पहली जुलाई से विद्यालय खुल गए हैं। विभाग की तरफ से विद्यार्थियों को गुणवत्तापरक शिक्षा देने के कवायद भी शुरू हो गई है। माध्यमिक विद्यालयों में लर्निंग आउटकम की कक्षाएं शुरू की जाएंगी। विद्यालयों में लर्निंग आउटकम पाठ्य सामग्री से कक्षा नौ व दस के विद्यार्थियों को शिक्षक पढ़ाने के साथ-सभी विषयों में दक्ष करेंगे। ये कक्षाएं विद्यार्थियों को यह समझने में मदद करती हैं कि उन्हें क्या सीखना है और शिक्षक को यह समझने में मदद करती हैं कि विद्यार्थियों को क्या सिखाना है।
अधिकारियों के अनुसार लर्निंग आउटकम का मतलब है कि बच्चों ने किसी विषय में कितना ज्ञान अर्जित किया है, उसका समय-समय पर मूल्यांकन करना। साथ ही सुनकर, पढ़कर, खेलकर, बातचीत से सीखने का तरीका बताते हैं। इस तरह सीखने में उनके व्यवहार में परिवर्तन आता है। इसके लिए जिले में लर्निंग आउटकम की पुस्तकें वितरित की जाएंगी। लर्निंग आउटकम पुस्तकों से कक्षा नौ और 10 के विद्यार्थियों को अंग्रेजी, गणित, विज्ञान विषय आसानी से पढ़ाया जा सकेगा।
माध्यमिक विद्यालयों में लर्निंग आउटकम कक्षा के लिए सभी माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों का पत्र जारी कर दिया गया है। इससे बच्चों को उनकी रुचि के अनुसार बेहतर शिक्षा दी जा सकेगी। -प्रवीण कुमार तिवारी, डीआईओएस