अंबेडकरनगर। विकास खंड भीटी की ग्राम पंचायत जैतपुर खास में वर्ष 2018 से 2021 के मध्य एक ही व्यक्ति के नाम पर दो मनरेगा जॉब कार्ड बनाकर करीब 91 हजार रुपये का गबन किया गया था। मामले में न्यायालय के आदेश पर पूर्व प्रधान, तत्कालीन एडीओ पंचायत, सचिव कंप्यूटर ऑपरेटर व मौजूदा पंचायत सचिव के विरुद्ध जालसाजी, गबन समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया है।
अहिरौली के ग्राम जैतपुर खास निवासी अमरेंद्र प्रताप सिंह ने सीजेएम कोर्ट में प्रार्थनापत्र देकर बताया था कि गांव के पूर्व प्रधान रजनीश सिंह उर्फ पिंकू ने अपने कार्यकाल में गांव के ही बनारसी उर्फ सुल्लु पुत्र अगरदी को तत्कालीन सचिव की सहायता से कूटरचना करके सुल्लू और बनारसी नाम से दो अलग-अलग जाॅब कार्ड बना दिए। ब्लॉक भीटी कार्यालय में तैनात मनरेगा के कंप्यूटर ऑपरेटर की सहायता से फर्जी मस्टररोल तैयार कियया। 19 जुलाई 2023 को इसकी जानकारी होने पर अमरेंद्र ने मनरेगा की अधिकारिक वेबसाइट से दोनों नाम के जाॅब कार्ड की विस्तृत जानकारी निकाली।
इसमें पता चला कि जाॅब कार्ड संख्या 244 बनारसी के नाम से बना है, जिस पर 18 दिसंबर 2018 से 17 सितंबर 2021 तक 60,737 रुपये का भुगतान किया गया, जबकि सुल्लू के नाम पर बने जॉब कार्ड संख्या 398 पर 23 सितंबर 2020 से 14 जुलाई 2021 तक कुल 31,116 रुपये का भुगतान किया गया। 23 सितंबर 2021 से 14 जुलाई 2021 तक दोनों जाॅब कार्ड एक साथ सक्रिय रहे हैं। गांव के ही उमेश सिंह ने 18 दिसंबर 2021 को जब इसकी शिकायत संबंधित विभाग में की तो मौजूदा ग्राम पंचायत सचिव प्रदीप कुमार तिवारी ने एक जॉब कार्ड बंद होने की रिपोर्ट प्रेषित कर दी और स्वीकार किया कि दोनों कार्ड एक ही व्यक्ति के थे।
इस घटना की शिकायत करने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हुई। 20 जुलाई 2023 को इसकी शिकायत अहिरौली थाने पर भी की गई थी। मामले की सुनवाई करते हुए सीजेएम सुधा यादव ने मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। इस पर अहिरौली पुलिस ने पूर्व प्रधान रजनीश सिंह, बनारसी उर्फ सुल्लू, तत्कालीन एडीओ ब्लॉक भीटी, तत्कालीन सचिव, तत्कालीन कंप्यूटर ऑपरेटर मनरेगा व मौजूदा सचिव प्रदीप कुमार तिवारी के विरुद्ध धोखाधड़ी, गबन समेत अन्य तमाम धाराओं में केस दर्ज किया है। थाना प्रभारी सुनील कुमार पांडेय ने बताया कि केस दर्ज कर लिया गया है। प्रकरण से संबंधित दस्तावेजों की जांच कर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।