गौरतलब है कि एक्साइज ड्यूटी के विरोध में जिला मुख्यालय समेत ग्रामीण क्षेत्रों के सराफा व्यवसायी पखवारे भर से हड़ताल पर हैं। अपनी-अपनी दुकानें बंद कर वे लगातार विभिन्न प्रकार से विरोध दर्ज करा रहे हैं।
बीते दिनों टांडा में जहां सराफा व्यवसायियों ने चाय बेचकर अपना विरोध दर्ज कराया था, वहीं जिला मुख्यालय के कारोबारियों ने पहले हरा चना बेचकर विरोध जताया, फिर चाय का स्टाल लगाया। सराफा व्यवसायियों का हड़ताल के साथ प्रदर्शन गुरुवार को भी जारी रहा। टांडा प्रतिनिधि के अनुसार गुरुवार को सराफा व्यवसायी अपनी-अपनी दुकानें बंद कर सराफा बाजार में एकत्र हुए।
यहां से सराफा एसोसिएशन अध्यक्ष कैलाशनाथ अग्रवाल के नेतृत्व में बाइक रैली निकाली। सराफा बाजार से निकली रैली अलीगंज, आदर्श चौराहा, कश्मीरिया, सकरावल, छोटी बाजार, मुबारकपुर होते हुए चौक पहुंचकर सभा में बदल गई। एसोसिएशन अध्यक्ष ने कहा कि केंद्र सरकार को काला कानून वापस लेना ही होगा।
मंत्री पंकज सोनी ने कहा कि इस प्रकार के कानून को जबरदस्ती किसी पर थोपा नहीं जा सकता है। सलिल अग्रवाल व नीरज सोनी ने कहा कि अब आरपार की लड़ाई होगी। सरकार को अपने कदम पीछे खींचने ही होंगे। इस दौरान विजय सोनी, पवन सोनी, विशाल सोनी, आलोक अग्रवाल, बृजेश अग्रवाल, राजेश सोनी, आनंद अग्रवाल, आलोक सोनी व अजय सोनी आदि मौजूद रहे।
उधर जिला मुख्यालय पर भी सराफा व्यवसायियों ने अपनी-अपनी दुकानें बंद कर प्रदर्शन किया। कहा गया कि सराफा कारोबारियों का उत्पीड़न कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अब आश्वासन नहीं समस्या का निस्तारण चाहिए। चेतावनी दी गई कि जब तक उनकी मांगों का निस्तारण नहीं हो जाता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। इस दौरान पियूष सोनी व जैकी आदि मौजूद रहे।