कहा कि अब सिर्फ आश्वासन से काम नहीं चलने वाला है। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही उनकी मागों का निस्तारण नहीं हुआ, तो आंदोलन किया जाएगा। बाद में विभिन्न मागों से संबंधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
अध्यक्षता कर रहे जिलाध्यक्ष हजारीलाल ने कहा कि खूखूतारा गांव में तालाब पर गांव के ही कुछ लोगों ने अतिक्रमण कर रखा है। इसकी शिकायत कई बार संबंधित अधिकारियों से की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका है।
कहा गया कि टांडा स्थित एक केरासिन डिपो में घटतौली लंबे समय से की जा रही है, लेकिन तमाम शिकायत के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की जा सकी। नतीजा यह है कि घटतौली करने वालों के हौसले बुलंद हैं। वक्ताओं ने कहा कि मौजूदा समय में किसान विभिन्न समस्याओं से जूझ रहे हैं।
धान क्रय केंद्रों पर प्रभारियों की मनमानी के चलते धान खरीद का कार्य गति नहीं पकड़ पा रहा, तो गन्ना किसानों को भी अपना गन्ना बिक्री के लिए इधर उधर भटकना पड़ रहा है।
चेतावनी दी गई कि यदि शीघ्र ही उनकी मागों का निस्तारण नहीं किया गया, तो कलक्ट्रेट के निकट अनिश्चितकालीन धरना दिया जाएगा। इस दौरान विश्राम चौधरी, सियाराम, रवींद्र, शिवसागर, मुमताज, रईस, मोहम्मद सैफ, स्वामीनाथ, निरंकार सिंह आदि मौजूद रहे।