जिले में भी कैश वैन व एटीएम की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह लापरवाही का माहौल है। अकबरपुर नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में 22 बैंकों के कुल 145 एटीएम मौजूद हैं। इनमें से करीब 100 एटीएम में निजी एजेंसी के सुरक्षा गार्ड तैनात हैं। शेष की सुरक्षा भगवान भरोसे है।
जिन एटीएम में सुरक्षा गार्ड तैनात भी हैं, वह भी एटीएम के बाहर कम, इधर उधर अधिक नजर आते हैं। एटीएम में कैश लोड करने के लिए जिन निजी एजेंसियों की कैश वैन आती है, उसकी सुरक्षा में भी गंभीरता आमतौर पर नहीं दिखती नहीं है। जिले में कैश वैन या फिर एटीएम लूट की घटनाएं तो नहीं हुई, लेकिन बीते एक वर्ष में एटीएम से धनराशि निकालने पहुंचे 30 से अधिक ग्राहक चोर उचक्कों के शिकार हो चुके हैं।
सोमवार को अलीगढ़ में कैश वैन सुरक्षा गार्ड की हत्या कर सशस्त्र बदमाश 34 लाख रुपये लूटकर भाग निकले थे। इस घटना ने कैश वैन व एटीएम की सुरक्षा में बरती जाने वाली बड़ी लापरवाही को उजागर किया था। एटीएम व कैश वैन की सुरक्षा को लेकर यहां भी पूरी तरह लापरवाही का माहौल है।
न तो एटीएम और न ही कैश वैन की ही समुचित सुरक्षा व्यवस्था की गई है। जिला मुख्यालय समेत ग्रामीण क्षेत्रों में जिन एटीएम पर सुरक्षा गार्ड की तैनाती है भी, वहां सुरक्षाकर्मी एटीएम के बाहर या अंदर कम, इधर उधर अधिक नजर आता है। इनमें भी अधिकांश एटीएम पर खाली हाथ ही निजी सुरक्षाकर्मी मौजूद रहते हैं।
उनके पास असलहे तक नहीं होते। ऐसे में किसी प्रतिकूल स्थिति के दौरान वे हालात से कैसे निपट पाएंगे, इसका सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। इतना ही नहीं, एटीएम में धनराशि लोड करने के लिए निजी एजेंसियों के कैश वैन की भी सुरक्षा को लेकर किसी प्रकार की सुध नहीं है।
कैश लोड करने के दौरान वैन में मौजूद दो कर्मियों के अलावा मात्र एक गार्ड ही रहता है। जिले में एटीएम या फिर कैश वैन की लूट की घटना तो नहीं हुई है, लेकिन गत एक वर्ष में 30 से अधिक ग्राहक एटीएम से धननिकासी के दौरान चोर उचक्कों के शिकार हो चुके हैं। ग्राहक धनराशि निकालकर जब बाहर निकलता है, तो बदमाश उसे लूटकर भाग निकलता है।
जलालपुर में एटीएम से धनराशि निकालकर जा रहे रफीगंज निवासी एक शिक्षक से बदमाश ने 30 हजार रुपये लूट लिए थे। बैंक से वापस लौट रहे भीटी तहसील निवासी किसान का भी 15 हजार रुपये चोरों ने चुपके से उनके झोले से निकाल लिया और फरार हो गए थे।
इसी प्रकार टांडा, भीटी, अकबरपुर व आलापुर तहसील क्षेत्रों में भी कई वारदातें हो चुकी हैं। और तो और एटीएम कार्ड बदलकर धनराशि निकाल लिए जाने के मामले भी अक्सर सामने आते रहते हैं।
इस मामले पर एलडीएम अरुण कुमार सिंह ने बताया एटीएम की सुरक्षा की जिम्मेदारी निजी एजेंसी को दी गई है। प्रत्येक एटीएम पर एक एक सुरक्षा गार्ड की तैनाती है। समय समय पर इसकी जांच भी की जाती है।
वहीं एसपी सुधीर सिंह ने कहा बैंक शाखाओं की नियमित चेकिंग होती है। संबंधित थाना क्षेत्र के पुलिसकर्मी बाकायदा बैंक ड्यूटी के लिए भेजे जाते हैं। सीओ व थानाध्यक्ष लगभग प्रतिदिन किसी न किसी बैंक पर जाकर सुरक्षा जांच करते हैं। वे स्वयं कई बैंकों की औचक चेकिंग कर चुके हैं।