अंबेडकरनगर। करीब तीन माह पूर्व बसखारी में 18 वर्षीय पुत्र की हत्या और पत्नी पर जानलेवा हमले के आरोपी की जमानत अर्जी बृहस्पतिवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश रीता कौशिक ने खारिज कर दी है।
सिद्धार्थनगर जिले के मोहनि थाने के गोपी जोती निवासी सबरून निशा अपने पति फजलुर रहमान और बेटे आफताब उर्फ साहिल (18) के साथ करीब एक साल पहले रुहानी इलाज के लिए किछौछा स्थित मखदूम अशरफ की दरगाह पर आई थीं। 25 अप्रैल 2025 को पुत्र आफताब बसखारी के सिमना मस्जिद के सामने किराये के मकान में सोया था। रात दो बजे उसके पिता फजलुर रहमान ने पत्थर की सील उठा कर बेटे के चेहरे पर पटक दिया था।
इसके बाद पत्थर उठाकर महिला के सीने पर भी वार कर दिया था। हमले में मां-बेटे गंभीर रूप से घायल हो गए थे। स्थानीय लोगों की मदद से बसखारी सीएचसी ले जाया गया था। हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने महामाया मेडिकल कालेज रेफर कर दिया गया था। गोरखपुर ले जाते समय बेटे की मौत हो गई थी। मां की तहरीर पर पुलिस ने गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी थी। इसी मामले की सुनाई के दौरान कोर्ट ने जमानत याचिका खारिज की है।