आमतौर पर सभी को महंगाई से निजात दिलाने के लिए ठोस प्रयासों की उम्मीद है, तो वहीं नौकरी पेशा लोग टैक्स स्लैब में कमी किए जाने की आस लगाए हुए हैं। गृहणियों को उम्मीद है कि खाद्य सामग्रियों के दाम में कमी तय करने के साथ ही सब्सिडी पर मिलने वाले सिलेंडरों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी।
जीवनोपयोगी कई महत्वपूर्ण दवाओं के दाम में कमी लाए जाने की प्रबल उम्मीद भी इस बजट से सभी ने लगा रखी है। किसानों का मानना है कि सस्ते दर पर उपकरण उपलब्ध होने के साथ ही प्राकृतिक आपदा के मामले में मदद की राशि ठीक ठाक बढ़ाई जाएगी।
व्यापारियों ने विभिन्न प्रकार के करों के बोझ से कुछ हद तक मुक्ति मिलने की उम्मीद लगा रखी है, तो वहीं युवाओं का मानना है कि नौकरियों के ज्यादा अवसर उपलब्ध कराने के साथ ही आसानी से शिक्षा ऋण मिलना तय किया जाएगा। पेश है हर वर्ग के लोगों से बातचीत की रिपोर्ट ...
कमजोर वर्ग के लोगों तक इलाज की समुचित सुविधाएं पहुंच सकें, इसके लिए इलाज को और सस्ता करने की जरूरत है। बीते कुछ समय से एंटीबायोटिक, डायबटिक, कैंसर, कोलेस्ट्राल व हृदय रोग से संबंधित दवाओं का प्रयोग तेजी से बढ़ा है। यह दवाएं काफी महंगी होती हैं।
लोगों का कहना है कि साधन संपन्न लोग तो महंगी दवाएं खरीद लेते हैं, लेकिन कमजोर वर्ग के लोगों को इसके लिए अभी भी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में जरूरत है कि इन दवाओं के मूल्य नियंत्रण को लेकर प्रभावी उपाय तय किए जा सके।