पारिवारिक कलह से ऊबकर वृद्ध दंपती ने ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। घटना की जानकारी होने जीआरपी व अकबरपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। लगभग दो घंटे बाद शव की शिनाख्त होने के बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
दंपती का इकलौता पुत्र दिल्ली में रहकर एक निजी कंपनी में नौकरी करता है। मृतक अपनी बहू के साथ रह रहे थे। उधर परिवारीजनों का कहना है कि दोनों दवा लेने की बात कहकर घर से निकले थे। उन्होंने आत्महत्या क्यों की, इसकी जानकारी नहीं है।
बुधवार को अकबरपुर थाना अंतर्गत जौहरडीह मोहल्ले के कुछ लोग मार्निंग वाक के लिए अकबरपुर रेलवे स्टेशन की तरफ गए हुए थे। जब वे टाेंस नदी पर बने पुल की तरफ गए तो वहां का दृश्य देखकर सन्न रह गए। रेल ट्रैक पर एक वृद्ध व वृद्धा का क्षतविक्षत शव पड़ा हुआ था।
देखते ही देखते बड़ी संख्या में आसपास के लोग मौके पर जुट गए। सूचना पर जीआरपी मौके पर पहुंची। शव के पहचान का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली। इसी बीच अकबरपुर कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
लगभग दो घंटे के प्रयास के बाद उनकी पहचान छटंकी (65) पुत्र दुर्जन व दौलता देवी (62) पत्नी छटंकी निवासी आतमपुर बजदहां थाना अहिरौली के रूप में हुई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
इस बीच सूचना पर मृतक की पुत्रवधू संगीता गांव के कुछ लोगों के साथ पोस्टमार्टम हाउस पहुंची। उसने बताया कि दोनों मंगलवार शाम अकबरपुर नगर स्थित एक चिकित्सक से दवा लेने की बात कहकर निकले थे। कहा कि दौलता देवी कुछ दिनों से बीमार चल रही थीं।
उनका अकबरपुर नगर स्थित एक चिकित्सक के यहां इलाज चल रहा था। जब काफी देर तक वे घर नहीं लौटे तो तलाश शुरू की लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। बुधवार सुबह घटना की जानकारी हुई।
बताया जाता है कि छटंकी का इकलौता पुत्र कृष्णकुमार दिल्ली में रहकर एक निजी कंपनी में नौकरी करता है। गांव में मृतक दंपती के साथ उसकी पुत्रवधू रह रही थी। उधर कुछ ग्रामीणों ने बताया कि कुछ दिनों से पारिवारिक विवाद चला आ रहा है।
इसी से क्षुब्ध होकर दंपती ने जान दे दी। वहीं, अकबरपुर कोतवाली प्रभारी वकील सिंह यादव ने बताया कि मामले में कोई तहरीर नहीं पड़ी है। दंपती ने आत्महत्या क्यों की, इसकी छानबीन की जा रही है।