जलालपुर (अंबेडकरनगर)। स्टाफ नर्स का शव क्लीनिक में फंदे से लटकते मिलने के मामले में रविवार को पुलिस ने परिजनों की तहरीर पर क्लीनिक संचालक पिंटू निषाद, उसके भाई दिनेश निषाद और एक अन्य अज्ञात पर हत्या समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या के कारण का पता नहीं चल सका है। इसके चलते पुलिस ने विसरा सुरक्षित कर लिया है।
कटका के सिंघोरिया दुल्हूपुर कला निवासी रूबी (22) का शव नौ मई को न्योरी बाजार स्थित कृष्णा पॉली क्लीनिक में दुपट्टे के फंदे से लटका मिला था। मृतका के पिता मुन्नालाल के मुताबिक उनकी बेटी बीते तीन साल से पॉली क्लीनिक पर काम कर रही थीं। एक सप्ताह पूर्व गांव में एक शादी समारोह में शामिल होने आई थी। आठ मई की रात संचालक पिंटू निषाद उसे घर से बुलाकर अपने साथ लेकर गया था। अगली सुबह रूबी का शव फंदे से लटका मिला था। पिता के मुताबिक मौके पर पहुंचने पर उनकी बेटी का शव जमीन पर रखा मिला था। इसके बाद संचालक के खिलाफ हत्या का आरोप लगाकर तहरीर दी थी।
भाई विपिन ने बहन की पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब उनकी बहन फंदे से लटकी थी तो रिपोर्ट में मौत का कारण हैंगिंग क्योंं नहीं निकली। बहन की हत्या करने के बाद हत्यारों ने उसका शव फांसी के फंदे लटका दिया है। यदि मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर पर कार्रवाई नहीं की गई तो ग्रामीणों के साथ मिलकर आंदोलन किया जाएगा। इससे भी न्याय नहीं मिला तो मुख्यमंत्री तक जाएंगे। थाना प्रभारी प्रेमचंद ने बताया कि हत्या का केस दर्ज कर लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं होने से बिसरा सुरक्षित रखा गया है।