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स्थानीय समस्याओं को प्राथमिकता से कराएंगे दूर

Sat, 03 May 2014 05:30 AM IST
AmbedkarNagar
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अंबेडकरनगर। राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधि अपने-अपने दलों व प्रत्याशियों की कोई कमी सहज ढंग से सुनने को तैयार नहीं। वे सिर्फ और सिर्फ अपनी पार्टी व प्रत्याशी की उपलब्धियाें पर चर्चा करना चाहते थे। जाने अनजाने रह गई गलतियों को इंगित किए जाने के बावजूद आमतौर पर उसे स्वीकार करने की कोशिश नहीं की जा रही। सभी प्रमुख राजनीतिक दल के प्रतिनिधियों ने भ्रष्टाचार पर चिंता जताई और विकास की गंगा बहाने, आमजनता की मूलभूत सुविधाओं जैसे बिजली, पानी, सड़के तथा स्वास्थ्य आदि को लेकर जीत के बाद प्रभावी प्रयास करने का भरोसा दिलाया। मौका था अकबरपुर नगर के ईसीआई इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी परिसर में शुक्रवार को आयोजित ‘अमर उजाला’ के सरोकार कार्यक्रम का।
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बसपा, भाजपा, कांग्रेस, सपा व आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधियाें का पक्ष जाना गया। हालत यह थी कि इस मौके पर अपना अपना पक्ष रखने के लिए प्रतिनिधियों के बीच आपाधापी का माहौल बन गया। एक-दूसरे की बातों को काटने के लिए लगभग हर कोई उतावला था। बीच बीच में अपनी उपलब्धियां व अपना लक्ष्य तो गिनाया जा रहा था, लेकिन जैसे ही किसी पार्टी के ऊपर हमला होता, तो उस पार्टी का प्रतिनिधि बचाव के साथ-साथ दूसरी पार्टी के कारनामों पर हमलावर हो जाता। माहौल शांत होता और एक बार फिर से मुद्दों पर चर्चा शुरू होती, लेकिन थोड़ी देर बाद फिर से वही माहौल कायम हो जाता।
लगभग दो घंटे तक चले कार्यक्रम में एक-दूसरे के दलों पर हमलावर होने के तथ्यों को दरकिनार कर दिया जाए, तो सभी राजनीतिक दल के प्रतिनिधियों ने विकास और जनता के हित को लेकर अपनी-अपनी बात रखी। उनका कहना था कि विकास का कोई मौका किसी को छोड़ना नहीं चाहिए। इसमें दलीय प्रतिबद्धताएं आड़े नहीं आनी चाहिए। विकास के मामलों में राजनीतिक दलों को सहयोग करने का काम करना चाहिए। प्रतिनिधियों ने विश्वास दिलाया कि उनके दल व प्रत्याशी की जीत के बाद ’अमर उजाला’ सरोकार में सामने आई समस्याओं के निराकरण को लेकर वे पूरी गंभीरता से प्रयास सुनिश्चित कराएंगे। प्रतिनिधियों का कहना था कि आम जनता को ही इसमें सकारात्मक सहयोग करना होगा। बात सिर्फ समस्या बताने तक ही सीमित नहीं रहना चाहिए। समस्याओं का निराकरण तय होने तक आम लोगों को अपनी आवाज उठाते रहना चाहिए।
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