प्रथम चरण के चुनाव से जुड़े जहांगीरगंज, रामनगर व बसखारी विकास खंड में शुक्रवार सुबह सात बजे से शुरू होने वाले मतदान को लेकर सुबह से ही सरगर्मी शुरू हो गई। रामनगर विकास खंड के 104 केंद्रों के 264 बूथ, जहांगीरगंज के 109 मतदान केंद्रों के 294 बूथ तथा बसखारी विकास खंड के 77 मतदान केंद्रों के 207 बूथों पर सात बजे के पहले ही मतदानकर्मियों व सुरक्षाबलों ने मोर्चा संभाल लिया था।
जोनल व सेक्टर मजिस्ट्रेटों के भ्रमण के बीच निर्धारित समय पर मतदान तीनों विकास खंड क्षेत्रों में शांतिपूर्ण ढंग से शुरू हुआ। तीनों विकास खंड के कुछ क्षेत्रों को प्रशासन संवेदनशील मान रहा था। इसके बावजूद वहां भी शुरुआत से ही सबकुछ सामान्य रहा। यह सिलसिला पूरे दिन चला।
बसखारी विकास खंड में जिला पंचायत के चार पदों के लिए 62 प्रत्याशी तथा क्षेत्र पंचायत के 103 प्रत्याशियों के सापेक्ष 539 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। रामनगर के चार जिला पंचायत सदस्य पदों के लिए 85 उम्मीदवार मैदान में उतरे तो क्षेत्र पंचायत सदस्य के 115 पदों के लिए 601 प्रत्याशियों ने भाग्य आजमाया।
जहांगीरगंज में जिला पंचायत सदस्य के पांच पदों के लिए 56 प्रत्याशी जबकि क्षेत्र पंचायत सदस्य के 105 पद के लिए 476 प्रत्याशी चुनाव मैदान में रहे। मतदान को लेकर लोगों में काफी उत्साह रहा। सुबह से ही केंद्रों पर मतदाताओं की भीड़ जुटनी शुरु हो गई ।
मतदान केे लिए घरों से निकलने से पहले मान मनौव्वल व विनती का भी दौर चला। जीत तय करने के लिए प्रत्याशी कोई भी कमी छोड़ने के मूड में नहीं थे। इसका असर मतदान पर साफ साफ दिखा। मतदान को लेकर लोगों की उत्सुकता की अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सायं पांच बजे के बाद तक मतदान चलता रहा। तीनों ब्लाकों को मिलाकर औसत 63 प्रतिशत मतदान हुआ है।
टांडा प्रतिनिधि के अनुसार हंसवर थाना क्षेत्र के दौलतपुर मतदान केन्द्र पर क्षेत्र पंचायत सदस्य पद के दो प्रत्याशी बद्री व मायराम फर्जी मतदान को लेकर आपस में भिड़ गए। इससे वहां लगभग 10 मिनट तक मतदान बंद रहा। बाद में एसडीएम नरेन्द्र सिंह, सीओ राघवेन्द्र मिश्र व तहसीलदार राजेश सिंह ने मौके पर पहुंचकर माहौल शांत कराया।
इसके बाद मतदान शुरू हुआ। मोतिगरपुर में बूथ पर तैनात एक दरोगा की बदसलूकी तथा फर्जी मतदान से नाराज कई प्रत्याशियों के अभिकर्ताओं ने मतदान का बहिष्कार कर मार्ग जाम किया। लगभग 20 मिनट तक यहां मतदान ठप रहा। बाद में एसडीएम सदर पंकज व सीओ सदर अतुल श्रीवास्तव ने पहुंचकर माहौल शांत कराया।
हंसवर प्रतिनिधि के अनुसार सेमउरखानपुर में सुबह मतदान शुुरू होने में लगभग 45 मिनट का विलंब इसलिए हुआ क्योंकि यहां बैलेट पेपर ही गलत आ गया था। दूसरा बैलेट पेपर मांगाकर मतदान शुरू कराया गया। तिलकारपुर बूथ पर बसपा प्रत्याशी के एजेंट 10 बजे तक नहीं बन पाए थे, बाद में अधिकारियों के हस्तक्षेप पर यहां अभिकर्ता बनाया गया।
आलापुर प्रतिनिधि के अनुसार तहसील क्षेत्र के रामनगर व जहांगीरगंज विकास खंड में मतदान आमतौर पर शांतिपूर्ण ढंग से निपटा। रामनगर ब्लाक के खजुरिया मतदान केन्द्र के निकट बसखारी में तैनात एक कर्मचारी के लगातार बने रहने को लेकर कुछ लोगों ने अधिकारियों से शिकायत की। दरअसल इस कर्मचारी का पुत्र खजुरिया क्षेत्र से बीडीसी का चुनाव लड़ रहा है। सेक्टर मजिस्ट्रेट ने वहां पहुंचकर कर्मचारी को हटा दिया।