रविवार को एटीएम सेवा जिले में पूरी तरह बेहाल रही। अकबरपुर नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में विभिन्न बैंकों के स्थापित 100 से अधिक एटीएम के सापेक्ष 50 से अधिक एटीएम के शटर कैश न होने के चलते नहीं खुल सके।
नतीजा यह रहा कि धन निकासी के लिए उपभोक्ताओं को एक एटीएम से दूसरे एटीएम का चक्कर लगाने को मजबूर होना पड़ा। सबसे अधिक समस्या विधानसभा चुनाव को सकुशल व शांतिपूर्ण ढंग से निपटाने के लिए बाहर से आए सुरक्षाकर्मियों को हुई।
उपभोक्ताओं का कहना था कि बैंकों में अवकाश को देखते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कदम उठाना चाहिए था। बीते 24 फरवरी से 28 फरवरी तक अलग अलग कारणों से बैंकों में अवकाश है। ऐसे में धननिकासी का पूरा भार एटीएम सेवा पर है।
उपभोक्ताओं को उम्मीद थी कि बैंकों में अवकाश को देखते हुए धननिकासी की समस्या न हो, इसके लिए बैंक प्रबंधन द्वारा आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। हालांकि पहले ही दिन बेपटरी हुई एटीएम सेवा ने उपभोक्ताओं की उम्मीदों को तगड़ा झटका दिया।
24 व 25 फरवरी को तो फिर भी कुछ एटीएम का संचालन हुआ, लेकिन रविवार को यह सेवा पूरी तरह बेहाल हो गई। कहने को जिला मुख्यालय से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में विभिन्न बैंकों के 100 से अधिक एटीएम की स्थापना की गई है, लेकिन रविवार को 50 से अधिक एटीएम के शटर कैश न होने के चलते नहीं खुल सके।
सबसे अधिक समस्या विधानसभा चुनाव को सकुशल निपटाने के लिए बाहर से आए सुरक्षाकर्मियों को हुई। उन्हें धननिकासी के लिए एक एटीएम से दूसरे एटीएम तक की दौड़ लगानी पड़ी, लेकिन ज्यादातर को मायूसी ही हाथ लगी।
उपभोक्ता सर्वेश कुमार व अनिरुद्ध ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि बैंकों में अवकाश को देखते हुए बैंक प्रशासन को आवश्यक कदम उठाना चाहिए था। उधर एलडीएम अरुण कुमार सिंह ने बताया कि एटीएम सेवा का उपभोक्ताओं को सुचारु लाभ मिल सके, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं। रविवार को ज्यादातर एटीएम से धननिकासी हुई।